सावधानी का महीना
अगस्त 2025 मिथुन राशि के लिए सावधानी का महीना (2/5)। अच्छे दिन: 3 अगस्त, 4 अगस्त, 5 अगस्त, 19 अगस्त, 20 अगस्त। सावधानी: 8 अगस्त, 9 अगस्त, 18 अगस्त। सहायक: केतु और शुक्र। बाधक: शनि और गुरु।
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इस महीने के ग्रह
बाकी ग्रह आपकी चन्द्र राशि से, और हर भाव के बारे में ग्रन्थों का फल:
| ग्रह | राशि, भाव और अवधि | |
|---|---|---|
| शनि | मीन में — आपके दसवें भाव मेंपूरे महीने · वक्रीअशुभ | |
काम में प्रतिकूल बदलाव और खर्च किया धन निष्फल; परिवार से अलग रहना और छाती की तकलीफ सम्भव। ग्रन्थ क्या कहता हैनौकरी अथवा व्यवसाय में परिवर्तन और विघ्न-बाधाएँ आती हैं; धन खर्च करने पर भी सफलता नहीं मिलती; जातक गलत कार्य करता है और मानसिक कष्ट सहता है; उसे घर से दूर रहना पड़ता है और सामान्य विरोध का सामना करना पड़ता है; पत्नी से अनबन के कारण अलग रहना पड़ता है; छाती के रोग सम्भव। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Saturn gochar phal, 10th from the natal Moon (p.25, lines 817-821) | ||
| गुरु | मिथुन में — आपके पहले भाव मेंपूरे महीनेअशुभ | |
भारी वर्ष: काम अटकते और देर से होते हैं, खर्च आय से आगे निकल जाता है और प्रतिष्ठा असुरक्षित लगती है। ग्रन्थ क्या कहता हैबृहस्पति चन्द्र लग्न में गोचरवश आता है तब भय और मान-हानि होती है; रोजगार और व्यापार में बाधाएँ; राज्य से भय और मानसिक कष्ट; कार्य लम्बे विलम्ब के बाद ही पूरे होते हैं; यात्रा में असुविधा और सुख में भारी कमी; भारी व्यय से आर्थिक स्थिति डगमगाती है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Jupiter gochar phal, 1st from the natal Moon (p.19, lines 589-593) | ||
| राहु | कुम्भ में — आपके नौवें भाव मेंपूरे महीनेअशुभ | |
आपको नुकसान होता है। ग्रन्थ क्या कहता हैहानि। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 24 (Ojha p.637 / PDF 638) दूसरा मत: यवनाचार्य, गोचर विचार के अनुसार अकस्मात् आशातीत लाभ होता है जो प्रायः चिरस्थायी होता है; राज्य की कृपा और मित्रों की सहायता; परन्तु चन्द्र लग्न पर राहु की दृष्टि के कारण मानसिक कष्ट भी रहता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Rahu gochar phal, 9th from the natal Moon (p.27, lines 956-959) | ||
| केतु | सिंह में — आपके तीसरे भाव मेंपूरे महीनेशुभ | |
काम अच्छे चलते हैं और आपको लाभ होता है। ग्रन्थ क्या कहता हैसुख, लाभ और वृद्धि। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, matantara chakra row 3 (Ojha p.639-640 / PDF 640-641) | ||
| मंगल | कन्या में — आपके चौथे भाव मेंपूरे महीनेअशुभ | |
घर और सम्पत्ति विवाद का मैदान बन जाते हैं, माता का स्वास्थ्य प्रभावित होता है, और जातक क्रोधी व भयभीत हो जाता है। ग्रन्थ क्या कहता हैशत्रुओं की वृद्धि और स्वजनों द्वारा विरोध होता है; धन और वस्तुओं की कमी; भूमि और सम्पत्ति की बार-बार समस्याएँ; घरेलू सुख में कमी; ज्वर, छाती के रोग और रक्त विकार; सम्मान की हानि, सामान्य विरोध, माता को कष्ट, और मन हिंसक, क्रूर तथा भयभीत हो जाता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mars gochar phal, 4th from the natal Moon (p.15, lines 441-447) | ||
| सूर्य | कर्क में — आपके दूसरे भाव में1 अगस्त से 17 अगस्त तकअशुभ | |
बुरी संगत और चालाकी भरा व्यवहार, सिरदर्द और आँखों पर जोर, व्यापार में धन की चिन्ता, मित्रों और सम्बन्धियों से झगड़े। ग्रन्थ क्या कहता हैदुष्ट और बुरे लोगों से मुलाकात होती है और अपना आचरण भी कुटिल हो जाता है; सिर और नेत्रों में पीड़ा; व्यापार और सम्पत्ति में हानि का भय; मित्रों और सम्बन्धियों से विवाद; पूरा मास बिना सुख के बीतता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Sun gochar phal, 2nd from the natal Moon (p.10, lines 227-231) | ||
| सूर्य | सिंह में — आपके तीसरे भाव में17 अगस्त से 31 अगस्त तकशुभ भाव, पर वेध से बाधित | |
स्वास्थ्य सुधरता है, वरिष्ठ और अधिकारी सहायता करते हैं, सन्तान और मित्रों से धन-मान मिलता है, प्रायः पदोन्नति भी। ग्रन्थ क्या कहता हैरोगों से मुक्ति, सुख-चैन; सज्जनों और उच्च अधिकारियों से भेंट; पुत्रों और मित्रों के द्वारा धन और सम्मान; शत्रु सहज ही पराजित होते हैं; धन और मान, प्रायः कोई पद, तथा सदाचरण से सफलता। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Sun gochar phal, 3rd from the natal Moon (p.10, lines 233-238) | ||
| शुक्र | मिथुन में — आपके पहले भाव में1 अगस्त से 21 अगस्त तकशुभ | |
आनन्ददायक, समृद्ध समय: धन, प्रेम या विवाह, पढ़ाई में सफलता और सौन्दर्य या विलास के व्यापार से आय। ग्रन्थ क्या कहता हैसुख और धन की प्राप्ति होती है; शत्रु का नाश होता है, यद्यपि जातक से कुछ दुराचरण भी होता है; विवाह या सन्तान-जन्म सम्भव; अध्ययन में सफलता; हर प्रकार का मनोरंजन और विलास; सत्य की ओर झुकाव; व्यापार में वृद्धि; तरल पदार्थों, इत्र, प्रसाधन और सौन्दर्य-सामग्री से आय। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Venus gochar phal, 1st from the natal Moon (p.21, lines 671-676) | ||
| शुक्र | कर्क में — आपके दूसरे भाव में21 अगस्त से 31 अगस्त तकशुभ | |
बार-बार धन का आगमन, नये वस्त्र, अच्छा स्वास्थ्य, सुखी दाम्पत्य और अधिकारियों से मान्यता। ग्रन्थ क्या कहता हैधन की बार-बार प्राप्ति होती है; शरीर स्वस्थ रहता है; जातक नये वस्त्र और आभूषण पहनता है; पत्नी से उत्तम सुख; सन्तान की आशा; राज्य से मान; अध्ययन में रुचि; जातक का रूप निखरता है; संगीत में रुचि बढ़ती है; शत्रुओं का नाश होता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Venus gochar phal, 2nd from the natal Moon (p.21, lines 678-682) | ||
| बुध | कर्क में — आपके दूसरे भाव में1 अगस्त से 30 अगस्त तक · वक्रीशुभ | |
बोलना और लिखना फल देता है: कमाई और उपहार आते हैं, पढ़ाई अच्छी चलती है, सम्बन्धी आर्थिक सहायता करते हैं। ग्रन्थ क्या कहता हैआनन्द व धन-आभूषणों की प्राप्ति होती है; वाणी की कुशलता से जातक अच्छा कमाता है; विद्या में उन्नति; अच्छा भोजन; और सम्बन्धियों से भी धन आता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mercury gochar phal, 2nd from the natal Moon (p.17, lines 518-521) | ||
| बुध | सिंह में — आपके तीसरे भाव में30 अगस्त से 31 अगस्त तकअशुभ भाव, पर विपरीत वेध से राहत | |
घबराहट और आत्मविश्वास की कमी, सम्बन्धियों से बहस और धन का हाथ से निकलना। ग्रन्थ क्या कहता हैव्यक्ति डरा-डरा रहता है और उसमें साहस की कमी होती है; सम्बन्धियों से झगड़े और धन की हानि; भय के कारण इधर-उधर भागता है। किन्तु वाराही संहिता के अनुसार तृतीय भाव में बुध मित्र दिलाता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mercury gochar phal, 3rd from the natal Moon (p.17, lines 523-526) | ||
करियर, धन, प्रेम और स्वास्थ्य
| क्षेत्र | रेटिंग |
|---|---|
करियर व कार्य | ★★☆☆☆ |
धन | ★★☆☆☆ |
प्रेम व परिवार | ★★☆☆☆ |
स्वास्थ्य | ★☆☆☆☆ |
इस महीने ग्रहों में बदलाव
- 12 अगस्तबुध कर्क में मार्गी
- 17 अगस्तसूर्य का सिंह में प्रवेश
- 21 अगस्तशुक्र का कर्क में प्रवेश
- 30 अगस्तबुध का सिंह में प्रवेश
साढ़े साती और ढैय्या
इस अवधि में मिथुन राशि पर साढ़े साती या ढैय्या नहीं है।
इस अवधि का शुभ
- रंग
- चितकबरा
- अंक
- 7
- दिशा
- वायव्य
केतु से, जो इस अवधि में आपका सबसे अधिक साथ देने वाला ग्रह है।
उपाय
इस अवधि में शनि को शान्त रखें।
ॐ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः
108 बार जप करें
पूजा: शनि देव व हनुमान जी · वार: शनिवार · पढ़ें: शनि चालीसा
इस महीने के त्योहार और व्रत
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यह मासिक राशिफल कैसे बना
आपकी चन्द्र राशि से, जैसे ग्रन्थ गोचर गिनते हैं। महीने की रेटिंग चन्द्रमा को छोड़ बाकी ग्रहों की मध्य-माह की स्थिति से, वेध के साथ, बनी है, जैसे हमारे वार्षिक पृष्ठ पर। कैलेंडर के हर दिन की अपनी दैनिक रेटिंग है। हर भाव का फल गोचर विचार, फलदीपिका (अध्याय 26) या हिन्दू प्रेडिक्टिव एस्ट्रोलॉजी से है। ग्रह-स्थिति नई दिल्ली की। आपकी अपनी कुण्डली, दशा के साथ, और अधिक बताती है।
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प्रश्न
अगस्त 2025 मिथुन राशि के लिए कैसा रहेगा?
अगस्त 2025 मिथुन राशि के लिए सावधानी का महीना (2/5)। अच्छे दिन: 3 अगस्त, 4 अगस्त, 5 अगस्त, 19 अगस्त, 20 अगस्त। सावधानी: 8 अगस्त, 9 अगस्त, 18 अगस्त। सहायक: केतु और शुक्र। बाधक: शनि और गुरु।
अगस्त 2025 में मिथुन राशि के लिए कौन से दिन अच्छे हैं?
अच्छे दिन: 3 अगस्त, 4 अगस्त, 5 अगस्त, 19 अगस्त, 20 अगस्त। सावधानी के दिन: 8 अगस्त, 9 अगस्त, 18 अगस्त।
क्या मिथुन राशि पर अभी साढ़े साती है?
इस अवधि में मिथुन राशि पर साढ़े साती या ढैय्या नहीं है।
अगस्त 2025 में मिथुन राशि का शुभ रंग और अंक?
चितकबरा, अंक 7, दिशा वायव्य (केतु)।