कठिन दिन
आज का चन्द्रमा
चन्द्रमा आज मिथुन राशि में है — वृश्चिक से आठवें भाव में (अशुभ)। छाती या पाचन की तकलीफ, बहस और तनाव, भोजन छूटना, और धन को लेकर अचानक झटका।
ग्रन्थ क्या कहता है
अपच, श्वास, खाँसी तथा छाती के रोग उत्पन्न होते हैं; झगड़े और मानसिक कष्ट; अच्छा भोजन समय पर नहीं मिलता; अचानक बड़ी विपत्ति में पड़ने का भय; धन की हानि।
Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Moon gochar phal, 8th from the natal Moon (p.14, lines 381-384)
शनि आपके पाँचवें भाव में, जिसे ग्रन्थ कष्टकारी भी कहते हैं।
रोज़ सुबह अपना राशिफल पाएँ
मुफ़्त, सुबह 5:30 बजे। अपनी राशि चुनें; कभी भी बन्द करें।
करियर, धन, प्रेम और स्वास्थ्य
करियर व कार्य
★★☆☆☆सहायक सूर्य (दसवें भाव), बुध (दसवें भाव)
बाधक चन्द्र (आठवें भाव), गुरु (आठवें भाव), शनि (पाँचवें भाव), शुक्र (दसवें भाव), केतु (दसवें भाव)
धन
★☆☆☆☆सहायक सूर्य (दसवें भाव), बुध (दसवें भाव)
बाधक चन्द्र (आठवें भाव), गुरु (आठवें भाव), शनि (पाँचवें भाव), मंगल (बारहवें भाव), शुक्र (दसवें भाव)
प्रेम व परिवार
★☆☆☆☆सहायक बुध (दसवें भाव)
बाधक चन्द्र (आठवें भाव), गुरु (आठवें भाव), शनि (पाँचवें भाव), मंगल (बारहवें भाव), शुक्र (दसवें भाव), राहु (चौथे भाव), केतु (दसवें भाव)
स्वास्थ्य
★☆☆☆☆सहायक सूर्य (दसवें भाव)
बाधक चन्द्र (आठवें भाव), गुरु (आठवें भाव), शनि (पाँचवें भाव), मंगल (बारहवें भाव), केतु (दसवें भाव)
आज का शुभ
- रंग
- हरा
- अंक
- 5
- दिशा
- उत्तर
- शुभ समय (अभिजित)
- 11:51–12:41
- टालें (राहु काल)
- 07:39–09:11
बुध से, जो आज शुभ भाव में सबसे प्रबल है। समय नई दिल्ली के।
आज आपके जन्म नक्षत्र की तारा
एक ही राशि में जन्म नक्षत्र से दिन बदलता है। अपना नक्षत्र देखें:
- विशाखा में जन्म (चरण 4): मित्र (मित्र: शुभ; 07:31 तक) फिर परम मित्र (परम मित्र: अति शुभ)
- अनुराधा में जन्म (चरण 1, 2, 3, 4): वध (हानि: जोखिम और नया आरम्भ टालें; 07:31 तक) फिर मित्र (मित्र: शुभ)
- ज्येष्ठा में जन्म (चरण 1, 2, 3, 4): साधक (सिद्धि: प्रयास सफल; 07:31 तक) फिर वध (हानि: जोखिम और नया आरम्भ टालें)
इस महीने और इस वर्ष
| ग्रह | राशि और भाव | |
|---|---|---|
| शनि | मीन में — आपके पाँचवें भाव में (वक्री)29 मार्च 2025 से 3 जून 2027 तकअशुभ | |
व्यापार में घाटा, बच्चों की चिन्ता, और ऐसा मन जो टिकता नहीं। ग्रन्थ क्या कहता हैधन की कमी या व्यापार में हानि; सन्तान को कष्ट; बुद्धि का नाश - मन को शान्ति नहीं, चिन्ता और व्याकुलता। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 22-23 (Ojha p.635-637 / PDF 637) | ||
| गुरु | मिथुन में — आपके आठवें भाव में14 मई 2025 से 18 अक्टू॰ 2025 तकअशुभ | |
कठिन वर्ष: नौकरी और धन खतरे में, बीमारी और कानूनी परेशानी, कठोर शब्दों से सद्भाव की हानि, और कष्टदायक यात्रा। ग्रन्थ क्या कहता हैबन्धन, शोक, रोग तथा चोरों और राज्य की ओर से कष्ट; कठोर वाणी से जातक तिरस्कार पाता है; उसकी कान्ति मन्द पड़ती है; बात नौकरी छूटने तक पहुँच जाती है; धन और व्यापार में भारी हानि; शारीरिक कष्ट बढ़ता है; अपने ही देश में कष्टदायक लम्बी यात्रा; सन्तान का विरोध। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Jupiter gochar phal, 8th from the natal Moon (p.20, lines 635-640) | ||
| राहु | कुम्भ में — आपके चौथे भाव में30 मई 2025 से 25 नव॰ 2026 तकअशुभ | |
दुःखी समय। ग्रन्थ क्या कहता हैशोक। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 24 (Ojha p.637 / PDF 638) | ||
| केतु | सिंह में — आपके दसवें भाव में30 मई 2025 से 25 नव॰ 2026 तकअशुभ | |
चिन्ता भरा, दुःखी समय। ग्रन्थ क्या कहता हैभय और शोक। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, matantara chakra row 10 (Ojha p.639-640 / PDF 640-641) | ||
| मंगल | तुला में — आपके बारहवें भाव में13 सित॰ 2025 से 27 अक्टू॰ 2025 तकअशुभ | |
खर्च और घर से दूरी, आँखों की तकलीफ, और जीवनसाथी, भाई-बहनों व सन्तान से खटपट। ग्रन्थ क्या कहता हैधन का व्यय होता है तथा घर से दूर जाना पड़ता है; नेत्र रोग; भाइयों में अनबन; प्रतिष्ठा की हानि; पत्नी से कष्ट और झगड़े; सन्तान भी कष्ट पाती है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mars gochar phal, 12th from the natal Moon (p.16, lines 495-503) | ||
| सूर्य | सिंह में — आपके दसवें भाव में17 अग॰ 2025 से 17 सित॰ 2025 तकशुभ भाव, पर वेध से बाधित | |
कार्यक्षेत्र में अच्छा मास: पदोन्नति के अवसर, वरिष्ठों में उपयोगी सम्पर्क, बढ़ता सम्मान और प्रभाव। ग्रन्थ क्या कहता हैधन, स्वभाव, मित्र आदि का सुख प्राप्त होता है; अधिकारियों और प्रतिष्ठित लोगों से मित्रता बढ़ती है; सज्जनों के द्वारा लाभ; हर कार्य में सफलता; पदोन्नति की अच्छी सम्भावना; मान, प्रतिष्ठा और प्रभाव में वृद्धि। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Sun gochar phal, 10th from the natal Moon (p.11, lines 278-281) | ||
| शुक्र | सिंह में — आपके दसवें भाव में15 सित॰ 2025 से 9 अक्टू॰ 2025 तकअशुभ भाव, पर विपरीत वेध से राहत | |
काम में रुकावट और धन की हानि, प्रतिद्वन्द्वी सक्रिय होते हैं, और घर व कार्यस्थल के सम्बन्धों में कड़वाहट आती है। ग्रन्थ क्या कहता हैशरीर में पीड़ा रहती है और मानसिक चिन्ता बढ़ती है; धन की हानि; नौकरी और व्यापार में बाधाएँ; शत्रु सिर उठाते हैं; सामान्य विरोध; स्त्रियों के कारण दुःख; सम्बन्धियों से मनमुटाव; राज्य से कष्ट। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Venus gochar phal, 10th from the natal Moon (p.22, lines 727-731) | ||
| बुध | सिंह में — आपके दसवें भाव में30 अग॰ 2025 से 15 सित॰ 2025 तकशुभ भाव, पर वेध से बाधित | |
नई भूमिका या पदोन्नति, व्यापार में बढ़ोतरी, घर में शान्ति और जनसेवा के कार्यों में रुचि। ग्रन्थ क्या कहता हैकिसी नये पद की प्राप्ति होती है; शत्रुओं को पराजित देखने का आनन्द; व्यापार में वृद्धि; सुखी घरेलू जीवन के साथ मानसिक शान्ति; मान और सफलता में वृद्धि; जातक जनहित के कार्य करता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mercury gochar phal, 10th from the natal Moon (p.18, lines 565-569) | ||
आज का उपाय
आज चन्द्र को शान्त करें।
ॐ श्रां श्रीं श्रौं सः चन्द्रमसे नमः
108 बार जप करें
पूजा: भगवान शिव · वार: सोमवार · पढ़ें: शिव चालीसा
सोमवार · तिथि कृष्ण नवमी · नक्षत्र मृगशिरा · सूर्योदय 06:06 (नई दिल्ली)। आज का पंचांग →
अन्य राशियाँ
यह राशिफल कैसे बना
आपकी चन्द्र राशि से, जैसे ग्रन्थ गोचर गिनते हैं: हर ग्रह का आपकी राशि से भाव, वेध की जाँच के साथ, और उस पर गोचर विचार, फलदीपिका (अध्याय 26) या हिन्दू प्रेडिक्टिव एस्ट्रोलॉजी का फल। ग्रह-स्थिति नई दिल्ली के सूर्योदय पर। आपकी अपनी कुण्डली, दशा और अष्टकवर्ग के साथ, और अधिक बताती है।
नाम अक्षर: तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू. अपनी राशि नहीं पता? मुफ़्त कुण्डली बनाएँ →
वृश्चिक साप्ताहिक राशिफल →वृश्चिक मासिक राशिफल →वृश्चिक राशिफल 2026 →वृश्चिक राशिफल 2027 →
प्रश्न
15 सितंबर 2025 को वृश्चिक राशि का दिन कैसा है?
कठिन दिन (1/5)। चन्द्रमा वृश्चिक से आठवें भाव में है। छाती या पाचन की तकलीफ, बहस और तनाव, भोजन छूटना, और धन को लेकर अचानक झटका।
वृश्चिक राशि का आज का शुभ रंग और अंक क्या है?
शुभ रंग हरा, शुभ अंक 5, शुभ दिशा उत्तर (बुध शुभ भाव में)।
वृश्चिक राशि के नाम अक्षर कौन से हैं?
तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू। स्वामी ग्रह मंगल।
क्या वृश्चिक राशि पर साढ़े साती या ढैय्या है?
शनि आपके पाँचवें भाव में, जिसे ग्रन्थ कष्टकारी भी कहते हैं।