कन्या साप्ताहिक राशिफल
Kanya Rashifal · 31 अगस्त – 6 सितंबर 2026 · चन्द्र राशि से
मिला-जुला सप्ताह
31 अगस्त – 6 सितंबर 2026 कन्या राशि के लिए मिला-जुला सप्ताह (3/5)। अच्छे दिन: 31 अगस्त, 6 सितंबर। सावधानी: 4 सितंबर, 5 सितंबर। सहायक: गुरु और शुक्र। बाधक: शनि और मंगल।
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| दिन | रेटिंग | चन्द्रमा |
|---|---|---|
| सोमवार, 31 अगस्त | ★★★★★ | सातवें भाव में |
| मंगलवार, 1 सितंबर | ★★★☆☆ | आठवें भाव में |
| बुधवार, 2 सितंबर | ★★★☆☆ | आठवें भाव में |
| गुरुवार, 3 सितंबर | ★★★☆☆ | आठवें भाव में |
| शुक्रवार, 4 सितंबर | ★★☆☆☆ | नौवें भाव में |
| शनिवार, 5 सितंबर | ★★☆☆☆ | नौवें भाव में |
| रविवार, 6 सितंबर | ★★★★☆ | दसवें भाव में |
सप्ताह में चन्द्रमा की चाल
चन्द्रमा लगभग हर दो दिन में भाव बदलता है और उन दिनों का मन तय करता है। आपकी चन्द्र राशि से:
31 अगस्त · सातवें भाव में शुभ भाव
लाभदायक और मेल-जोल भरा दिन: छोटी उपयोगी यात्राएँ, अच्छा व्यापार, विश्राम और सुखी दाम्पत्य।
03:23 तक
1 सितंबर से 3 सितंबर तक · आठवें भाव में कठिन भाव
छाती या पाचन की तकलीफ, बहस और तनाव, भोजन छूटना, और धन को लेकर अचानक झटका।
07:25 तक
4 सितंबर से 5 सितंबर तक · नौवें भाव में कठिन भाव
सरकारी काम और व्यापार दोनों प्रतिकूल जाते हैं, सन्तान अस्वस्थ रहती है, और भाग्य साथ नहीं देता।
10:18 तक
6 सितंबर · दसवें भाव में शुभ भाव
कार्यक्षेत्र में बातें आपके पक्ष में जाती हैं: काम पूरे होते हैं, वरिष्ठ प्रसन्न रहते हैं, और पदोन्नति भी हो सकती है।
इस सप्ताह के ग्रह
बाकी ग्रह आपकी चन्द्र राशि से, और हर भाव के बारे में ग्रन्थों का फल:
| ग्रह | राशि, भाव और अवधि | |
|---|---|---|
| शनि | मीन में — आपके सातवें भाव मेंपूरे सप्ताह · वक्रीअशुभ | |
साथी से परेशानी, बहुत डर, और थकाने वाली यात्राएँ जो कहीं नहीं पहुँचतीं। ग्रन्थ क्या कहता हैकष्टदायक: पत्नी का रोग या उससे झगड़ा, अनेक प्रकार के भय, और निष्फल कष्टदायक यात्राएँ। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 22-23 (Ojha p.635-637 / PDF 637) | ||
| गुरु | कर्क में — आपके ग्यारहवें भाव मेंपूरे सप्ताहशुभ | |
गुरु का सबसे अच्छा वर्ष: आय, पदोन्नति, विवाह या जन्म, सुख-सुविधाएँ और वरिष्ठों का स्पष्ट सहयोग। ग्रन्थ क्या कहता हैधन और प्रतिष्ठा की वृद्धि होती है; शत्रु पराजित होते हैं और सब कार्य सफल होते हैं; विवाह या पुत्र-जन्म का अवसर; नौकरी में पदोन्नति और व्यापार में निश्चित वृद्धि; उत्तम सुख; विलास की वस्तुएँ प्राप्त होती हैं; सन्तान और अधिकारियों से सुख; शुभ कर्मों में रुचि और दाम्पत्य सुख में वृद्धि। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Jupiter gochar phal, 11th from the natal Moon (p.20, lines 650-655) | ||
| राहु | कुम्भ में — आपके छठे भाव मेंपूरे सप्ताहशुभ | |
जीवन आरामदायक रहता है। ग्रन्थ क्या कहता हैसुख। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 24 (Ojha p.637 / PDF 638) दूसरा मत: यवनाचार्य, गोचर विचार के अनुसार दीर्घकालीन रोगों की उत्पत्ति करता है, मामाओं को बीमार करता है और प्रतिष्ठा की हानि कराता है; धन की भी हानि होती है और आय घटती है; नेत्रों में कष्ट होता है और जातक अनेक व्यसनों में पड़ जाता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Rahu gochar phal, 6th from the natal Moon (p.27, lines 943-946) | ||
| केतु | सिंह में — आपके बारहवें भाव मेंपूरे सप्ताहअशुभ | |
परेशानी, और किसी से मनमुटाव। ग्रन्थ क्या कहता हैकष्ट और वैर। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, matantara chakra row 12 (Ojha p.639-640 / PDF 640-641) | ||
| मंगल | मिथुन में — आपके दसवें भाव मेंपूरे सप्ताहअशुभ | |
कार्य में रुकावट आती है और घर से दूर रहना पड़ता है; इस गोचर से मिलने वाला धन इसके अन्त के निकट ही आता है। ग्रन्थ क्या कहता हैरूखा-सूखा भोजन; शरीर में चोट या रोग; किसी कारण घर से दूर रहना पड़ता है; रोजगार में बाधाएँ; चोरों से भय। किन्तु 'वाराही संहिता' के अनुसार दशम भाव में मंगल धन देता है; लेखक का मत है कि यह धन गोचर के केवल उत्तरार्ध में ही आता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mars gochar phal, 10th from the natal Moon (p.16, lines 482-487) | ||
| सूर्य | सिंह में — आपके बारहवें भाव मेंपूरे सप्ताहअशुभ भाव, पर विपरीत वेध से राहत | |
घर से दूर रहना और भारी खर्च, नौकरी या पद खतरे में, पेट या आँखों की तकलीफ, मित्रों का रुख ठण्डा। ग्रन्थ क्या कहता हैदूर देश में भ्रमण होता है; कार्य एवं पद की हानि; भारी व्यय; अनेक कष्ट; ज्वर और पेट का गम्भीर विकार; राज्य का विरोध; नेत्र रोग की सम्भावना; मित्र भी शत्रु जैसा व्यवहार करते हैं; अपमान का भय। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Sun gochar phal, 12th from the natal Moon (p.11, lines 289-294) | ||
| शुक्र | कन्या में — आपके पहले भाव में31 अगस्त से 2 सितंबर तकशुभ | |
आनन्ददायक, समृद्ध समय: धन, प्रेम या विवाह, पढ़ाई में सफलता और सौन्दर्य या विलास के व्यापार से आय। ग्रन्थ क्या कहता हैसुख और धन की प्राप्ति होती है; शत्रु का नाश होता है, यद्यपि जातक से कुछ दुराचरण भी होता है; विवाह या सन्तान-जन्म सम्भव; अध्ययन में सफलता; हर प्रकार का मनोरंजन और विलास; सत्य की ओर झुकाव; व्यापार में वृद्धि; तरल पदार्थों, इत्र, प्रसाधन और सौन्दर्य-सामग्री से आय। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Venus gochar phal, 1st from the natal Moon (p.21, lines 671-676) | ||
| शुक्र | तुला में — आपके दूसरे भाव में2 सितंबर से 6 सितंबर तकशुभ भाव, पर वेध से बाधित | |
बार-बार धन का आगमन, नये वस्त्र, अच्छा स्वास्थ्य, सुखी दाम्पत्य और अधिकारियों से मान्यता। ग्रन्थ क्या कहता हैधन की बार-बार प्राप्ति होती है; शरीर स्वस्थ रहता है; जातक नये वस्त्र और आभूषण पहनता है; पत्नी से उत्तम सुख; सन्तान की आशा; राज्य से मान; अध्ययन में रुचि; जातक का रूप निखरता है; संगीत में रुचि बढ़ती है; शत्रुओं का नाश होता है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Venus gochar phal, 2nd from the natal Moon (p.21, lines 678-682) | ||
| बुध | सिंह में — आपके बारहवें भाव मेंपूरे सप्ताहअशुभ भाव, पर विपरीत वेध से राहत | |
रुका हुआ और खर्चीला समय: भूख और स्वास्थ्य कम, पढ़ाई में व्यवधान, और चारों ओर झगड़े। ग्रन्थ क्या कहता हैधन तथा सुख में कमी होती है; मन में क्लेश और भूख नहीं लगती; झगड़े लगभग हर कार्य को रोक देते हैं; शत्रुओं से अपमान और पराजय; खराब स्वास्थ्य; सम्बन्धियों से मनमुटाव; अध्ययन में बाधा। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mercury gochar phal, 12th from the natal Moon (p.18, lines 575-579) | ||
करियर, धन, प्रेम और स्वास्थ्य
| क्षेत्र | रेटिंग |
|---|---|
करियर व कार्य | ★★★☆☆ |
धन | ★★★☆☆ |
प्रेम व परिवार | ★★★☆☆ |
स्वास्थ्य | ★★★☆☆ |
इस सप्ताह ग्रहों में बदलाव
- 2 सितंबरशुक्र का तुला में प्रवेश
साढ़े साती और ढैय्या
शनि आपके सातवें भाव में, जिसे ग्रन्थ कष्टकारी भी कहते हैं।
इस अवधि का शुभ
- रंग
- पीला
- अंक
- 3
- दिशा
- ईशान (उत्तर-पूर्व)
गुरु से, जो इस अवधि में आपका सबसे अधिक साथ देने वाला ग्रह है।
उपाय
इस अवधि में शनि को शान्त रखें।
ॐ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः
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पूजा: शनि देव व हनुमान जी · वार: शनिवार · पढ़ें: शनि चालीसा
इस सप्ताह के त्योहार और व्रत
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यह साप्ताहिक राशिफल कैसे बना
आपकी चन्द्र राशि से, जैसे ग्रन्थ गोचर गिनते हैं। सप्ताह सोमवार से रविवार तक के सात दैनिक राशिफलों का औसत है, इसलिए यह दैनिक पृष्ठों से मेल खाता है। हर ग्रह का आपकी राशि से भाव वेध की जाँच के साथ देखा गया है, और उस भाव का फल गोचर विचार, फलदीपिका (अध्याय 26) या हिन्दू प्रेडिक्टिव एस्ट्रोलॉजी से है। ग्रह-स्थिति सूर्योदय पर, नई दिल्ली। आपकी अपनी कुण्डली, दशा के साथ, और अधिक बताती है।
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प्रश्न
31 अगस्त – 6 सितंबर 2026 कन्या राशि के लिए कैसा रहेगा?
31 अगस्त – 6 सितंबर 2026 कन्या राशि के लिए मिला-जुला सप्ताह (3/5)। अच्छे दिन: 31 अगस्त, 6 सितंबर। सावधानी: 4 सितंबर, 5 सितंबर। सहायक: गुरु और शुक्र। बाधक: शनि और मंगल।
31 अगस्त – 6 सितंबर 2026 में कन्या राशि के लिए कौन से दिन अच्छे हैं?
अच्छे दिन: 31 अगस्त, 6 सितंबर। सावधानी के दिन: 4 सितंबर, 5 सितंबर।
क्या कन्या राशि पर अभी साढ़े साती है?
शनि आपके सातवें भाव में, जिसे ग्रन्थ कष्टकारी भी कहते हैं।
31 अगस्त – 6 सितंबर 2026 में कन्या राशि का शुभ रंग और अंक?
पीला, अंक 3, दिशा ईशान (उत्तर-पूर्व) (गुरु)।