सावधानी का दिन
आज का चन्द्रमा
चन्द्रमा आज सिंह राशि में है — मेष से पाँचवें भाव में (अशुभ)। यात्रा ठीक नहीं रहती, योजनाएँ अटकती हैं, धन रिसता है, विवेक धुंधला रहता है और पेट गड़बड़ करता है।
ग्रन्थ क्या कहता है
यात्रा में कष्ट और दुर्घटना की सम्भावना रहती है; कार्य सफल नहीं होते; मन में अशान्ति; धन की हानि; जलोदर जैसे पेट के रोगों का भय; कामवासना बढ़ती है और जातक की सलाह ठीक नहीं होती।
Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Moon gochar phal, 5th from the natal Moon (p.13, lines 360-363)
20:10 से चन्द्रमा कन्या राशि में, आपके छठे भाव में: धन और स्वास्थ्य दोनों सुधरते हैं और प्रतिद्वन्द्वी पीछे हटते हैं, यद्यपि खर्च भी बढ़ता है।
ग्रन्थ क्या कहता है
धन लाभ होता है तथा जातक का स्वास्थ्य भी ठीक रहता है; यश और आनन्द; स्त्रियों से अधिक सम्पर्क; घर में सुख; शत्रुओं की पराजय और रोगों का नाश - किन्तु व्यय अधिक रहता है।
Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Moon gochar phal, 6th from the natal Moon (p.13, lines 365-368)
साढ़े साती चल रही है — पहला (उदय) चरण, शनि आपके बारहवें भाव में।
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मुफ़्त, सुबह 5:30 बजे। अपनी राशि चुनें; कभी भी बन्द करें।
करियर, धन, प्रेम और स्वास्थ्य
करियर व कार्य
★★☆☆☆सहायक गुरु (पाँचवें भाव), बुध (छठे भाव), राहु (दसवें भाव)
बाधक चन्द्र (पाँचवें भाव), शनि (बारहवें भाव), सूर्य (सातवें भाव), मंगल (आठवें भाव)
धन
★★☆☆☆सहायक गुरु (पाँचवें भाव), बुध (छठे भाव), राहु (दसवें भाव)
बाधक चन्द्र (पाँचवें भाव), शनि (बारहवें भाव), मंगल (आठवें भाव), शुक्र (सातवें भाव), केतु (चौथे भाव)
प्रेम व परिवार
★☆☆☆☆सहायक गुरु (पाँचवें भाव), बुध (छठे भाव)
बाधक चन्द्र (पाँचवें भाव), शनि (बारहवें भाव), सूर्य (सातवें भाव), शुक्र (सातवें भाव), केतु (चौथे भाव)
स्वास्थ्य
★☆☆☆☆बाधक चन्द्र (पाँचवें भाव), शनि (बारहवें भाव), सूर्य (सातवें भाव), मंगल (आठवें भाव), शुक्र (सातवें भाव), केतु (चौथे भाव)
आज का शुभ
- रंग
- पीला
- अंक
- 3
- दिशा
- ईशान (उत्तर-पूर्व)
- शुभ समय (अभिजित)
- 11:43–12:27
- टालें (राहु काल)
- 14:53–16:17
गुरु से, जो आज शुभ भाव में सबसे प्रबल है। समय नई दिल्ली के।
आज आपके जन्म नक्षत्र की तारा
एक ही राशि में जन्म नक्षत्र से दिन बदलता है। अपना नक्षत्र देखें:
- अश्विनी में जन्म (चरण 1, 2, 3, 4): सम्पत् (सम्पत्ति: धन के काम शुभ; 14:33 तक) फिर विपत् (विपत्ति: नया आरम्भ न करें)
- भरणी में जन्म (चरण 1, 2, 3, 4): जन्म (अपना नक्षत्र: नियमित काम करें; 14:33 तक) फिर सम्पत् (सम्पत्ति: धन के काम शुभ)
- कृत्तिका में जन्म (चरण 1): परम मित्र (परम मित्र: अति शुभ; 14:33 तक) फिर जन्म (अपना नक्षत्र: नियमित काम करें)
इस महीने और इस वर्ष
| ग्रह | राशि और भाव | |
|---|---|---|
| शनि | मीन में — आपके बारहवें भाव में (वक्री)20 अक्टू॰ 2027 से 23 फ़र॰ 2028 तकअशुभ | |
कठोर परिश्रम जो कहीं नहीं पहुँचता, विरोधियों के कारण धन हानि, और घर में बीमारी। ग्रन्थ क्या कहता हैव्यर्थ श्रम - निरर्थक कार्य में लगा प्रयत्न जिसमें सफलता नहीं; शत्रुओं के द्वारा धन की हानि; पत्नी और सन्तान को रोग। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 22-23 (Ojha p.635-637 / PDF 637) | ||
| गुरु | सिंह में — आपके पाँचवें भाव में26 जून 2027 से 26 नव॰ 2027 तकशुभ भाव, पर वेध से बाधित | |
रचनात्मक, भाग्यशाली वर्ष: नया पद, स्थिर लाभ, घर में उत्सव, और सट्टे से भी लाभ हो सकता है। ग्रन्थ क्या कहता हैसुख और आनन्द में वृद्धि होती है; हर कार्य में सफलता; पद की प्राप्ति और व्यापार में उन्नति; कोई स्थायी लाभ; घर में मांगलिक उत्सव; पुत्र-जन्म की सम्भावना; तर्क और विवेक से कार्य सिद्ध होते हैं; सट्टे और भाग्य के खेलों में लाभ; सद्गुण बढ़ते हैं। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Jupiter gochar phal, 5th from the natal Moon (p.19, lines 612-617) | ||
| राहु | मकर में — आपके दसवें भाव में25 नव॰ 2026 से 24 मई 2028 तकशुभ | |
आपको लाभ होता है। ग्रन्थ क्या कहता हैलाभ। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 24 (Ojha p.637 / PDF 638) दूसरा मत: यवनाचार्य, गोचर विचार के अनुसार गंगादि तीर्थों में स्नान का अवसर आता है; दान करने की इच्छा होती है; मान में अकस्मात् वृद्धि; कार्य सफल होते हैं - परन्तु शत्रु भी उत्पन्न होते हैं। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Rahu gochar phal, 10th from the natal Moon (p.27, lines 961-963) | ||
| केतु | कर्क में — आपके चौथे भाव में25 नव॰ 2026 से 24 मई 2028 तकअशुभ | |
चिन्ता और कठिनाई का समय। ग्रन्थ क्या कहता हैभय और कष्ट। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, matantara chakra row 4 (Ojha p.639-640 / PDF 640-641) दूसरा मत: यवनाचार्य, गोचर विचार के अनुसार सुख व मान की वृद्धि करता है, जातक को शुभ कार्यों और तीर्थ-स्नान की ओर प्रवृत्त करता है; अकस्मात् भूमि-लाभ भी सम्भव है। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Ketu gochar phal, 4th from the natal Moon (p.28, lines 992-994) | ||
| मंगल | वृश्चिक में — आपके आठवें भाव में8 अक्टू॰ 2027 से 18 नव॰ 2027 तकअशुभ | |
चोट या बुखार, धन की हानि और प्रतिष्ठा को ठेस। ग्रन्थ क्या कहता हैज्वर, चोट या घाव से पीड़ा, धन की हानि, मान की हानि। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 13-16 (Ojha p.630-632 / PDF 632) | ||
| सूर्य | तुला में — आपके सातवें भाव में18 अक्टू॰ 2027 से 17 नव॰ 2027 तकअशुभ | |
जीवनसाथी से तनाव, घर में बीमारी, व्यापार में रुकावट, थकाऊ यात्राएँ, धन और प्रतिष्ठा पर आँच। ग्रन्थ क्या कहता हैदाम्पत्य जीवन में वैमनस्य; पत्नी और सन्तान अस्वस्थ होते हैं; कार्यों में असफलता और व्यापार में बाधाएँ; कष्टदायक यात्राएँ; पेट और सिर के रोग; धन और प्रतिष्ठा की हानि से मानसिक कष्ट। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Sun gochar phal, 7th from the natal Moon (p.11, lines 261-264) | ||
| शुक्र | तुला में — आपके सातवें भाव में3 अक्टू॰ 2027 से 27 अक्टू॰ 2027 तकअशुभ | |
कोई सम्बन्ध परेशानी का कारण बनता है। ग्रन्थ क्या कहता हैकिसी स्त्री के कारण कष्ट। Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 21 (Ojha p.634-635 / PDF 636) | ||
| बुध | कन्या में — आपके छठे भाव में (वक्री)21 अक्टू॰ 2027 से 5 नव॰ 2027 तकशुभ | |
सुखद और सम्मानित समय: प्रतिद्वन्द्वी पराजित, अच्छी कमाई, और लेखन या कला में पहचान। ग्रन्थ क्या कहता हैधन, अन्न और उत्तम वस्त्रों का सुख होता है; अच्छी और मनोरंजक पुस्तकें पढ़ने का अवसर; शत्रुओं पर विजय; सब लोग सम्मान करते हैं; भरपूर शारीरिक और मानसिक सुख; लेखन और संगीत कलाओं में यश। Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mercury gochar phal, 6th from the natal Moon (p.17, lines 538-547) | ||
आज का उपाय
आज चन्द्र को शान्त करें।
ॐ श्रां श्रीं श्रौं सः चन्द्रमसे नमः
108 बार जप करें
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मंगलवार · तिथि कृष्ण द्वादशी · नक्षत्र पूर्व फाल्गुनी · सूर्योदय 06:29 (नई दिल्ली)। आज का पंचांग →
अन्य राशियाँ
यह राशिफल कैसे बना
आपकी चन्द्र राशि से, जैसे ग्रन्थ गोचर गिनते हैं: हर ग्रह का आपकी राशि से भाव, वेध की जाँच के साथ, और उस पर गोचर विचार, फलदीपिका (अध्याय 26) या हिन्दू प्रेडिक्टिव एस्ट्रोलॉजी का फल। ग्रह-स्थिति नई दिल्ली के सूर्योदय पर। आपकी अपनी कुण्डली, दशा और अष्टकवर्ग के साथ, और अधिक बताती है।
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प्रश्न
26 अक्टूबर 2027 को मेष राशि का दिन कैसा है?
सावधानी का दिन (2/5)। चन्द्रमा मेष से पाँचवें भाव में है। यात्रा ठीक नहीं रहती, योजनाएँ अटकती हैं, धन रिसता है, विवेक धुंधला रहता है और पेट गड़बड़ करता है।
मेष राशि का आज का शुभ रंग और अंक क्या है?
शुभ रंग पीला, शुभ अंक 3, शुभ दिशा ईशान (उत्तर-पूर्व) (गुरु शुभ भाव में)।
मेष राशि के नाम अक्षर कौन से हैं?
चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ। स्वामी ग्रह मंगल।
क्या मेष राशि पर साढ़े साती या ढैय्या है?
साढ़े साती चल रही है — पहला (उदय) चरण, शनि आपके बारहवें भाव में।