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कुम्भ मासिक राशिफल

Kumbh Rashifal · सितंबर 2021 · चन्द्र राशि से

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★★☆☆☆

सावधानी का महीना

सितंबर 2021 कुम्भ राशि के लिए सावधानी का महीना (2/5)। अच्छे दिन: 6 सितंबर, 7 सितंबर, 19 सितंबर, 20 सितंबर, 24 सितंबर। सावधानी: 11 सितंबर, 29 सितंबर, 30 सितंबर। सहायक: शुक्र। बाधक: शनि और गुरु।

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महीने के दिन

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अच्छे दिन 6 सितंबर, 7 सितंबर, 19 सितंबर, 20 सितंबर, 24 सितंबरसावधानी के दिन 11 सितंबर, 29 सितंबर, 30 सितंबर

इस महीने के ग्रह

बाकी ग्रह आपकी चन्द्र राशि से, और हर भाव के बारे में ग्रन्थों का फल:

ग्रहराशि, भाव और अवधि
शनिमकर में — आपके बारहवें भाव मेंपूरे महीने · वक्रीअशुभ

कठोर परिश्रम जो कहीं नहीं पहुँचता, विरोधियों के कारण धन हानि, और घर में बीमारी।

ग्रन्थ क्या कहता है

व्यर्थ श्रम - निरर्थक कार्य में लगा प्रयत्न जिसमें सफलता नहीं; शत्रुओं के द्वारा धन की हानि; पत्नी और सन्तान को रोग।

Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 22-23 (Ojha p.635-637 / PDF 637)

गुरुकुम्भ में — आपके पहले भाव में1 सितंबर से 14 सितंबर तक · वक्रीअशुभ

भारी वर्ष: काम अटकते और देर से होते हैं, खर्च आय से आगे निकल जाता है और प्रतिष्ठा असुरक्षित लगती है।

ग्रन्थ क्या कहता है

बृहस्पति चन्द्र लग्न में गोचरवश आता है तब भय और मान-हानि होती है; रोजगार और व्यापार में बाधाएँ; राज्य से भय और मानसिक कष्ट; कार्य लम्बे विलम्ब के बाद ही पूरे होते हैं; यात्रा में असुविधा और सुख में भारी कमी; भारी व्यय से आर्थिक स्थिति डगमगाती है।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Jupiter gochar phal, 1st from the natal Moon (p.19, lines 589-593)

गुरुमकर में — आपके बारहवें भाव में14 सितंबर से 30 सितंबर तक · वक्रीअशुभ

खर्च बहुत बढ़ जाते हैं, कोई भरोसेमन्द व्यक्ति आपका नाम खराब करता है, स्वास्थ्य गिरता है और सन्तान से दूरी बनती है।

ग्रन्थ क्या कहता है

पुत्रादि से अलग होना पड़ता है; यात्रा में कष्ट और व्यर्थ व्यय; खर्च बहुत अधिक बढ़ जाते हैं; जिस पर भरोसा था उसी के कारण जातक का अपमान होता है; शरीर अस्वस्थ रहता है; आचरण गिरता है; वह खोखली, झूठी सलाह देता फिरता है।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Jupiter gochar phal, 12th from the natal Moon (p.20, lines 657-661)

राहुवृषभ में — आपके चौथे भाव मेंपूरे महीनेअशुभ

दुःखी समय।

ग्रन्थ क्या कहता है

शोक।

Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 24 (Ojha p.637 / PDF 638)

केतुवृश्चिक में — आपके दसवें भाव मेंपूरे महीनेअशुभ

चिन्ता भरा, दुःखी समय।

ग्रन्थ क्या कहता है

भय और शोक।

Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, matantara chakra row 10 (Ojha p.639-640 / PDF 640-641)

मंगलसिंह में — आपके सातवें भाव में1 सितंबर से 6 सितंबर तकअशुभ

जीवनसाथी और भाइयों से झगड़े, साथी के स्वास्थ्य में गिरावट, और आँखों की तकलीफ की सम्भावना।

ग्रन्थ क्या कहता है

स्वजनों को मानसिक तथा शारीरिक कष्ट होता है; अन्न और वस्त्र की कमी; पत्नी से झगड़े और उसका स्वास्थ्य खराब; भाइयों से विवाद और उससे दुःख; नेत्र रोग।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mars gochar phal, 7th from the natal Moon (p.16, lines 464-467)

मंगलकन्या में — आपके आठवें भाव में6 सितंबर से 30 सितंबर तकअशुभ

चोट या बुखार, धन की हानि और प्रतिष्ठा को ठेस।

ग्रन्थ क्या कहता है

ज्वर, चोट या घाव से पीड़ा, धन की हानि, मान की हानि।

Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 13-16 (Ojha p.630-632 / PDF 632)

सूर्यसिंह में — आपके सातवें भाव में1 सितंबर से 17 सितंबर तकअशुभ

जीवनसाथी से तनाव, घर में बीमारी, व्यापार में रुकावट, थकाऊ यात्राएँ, धन और प्रतिष्ठा पर आँच।

ग्रन्थ क्या कहता है

दाम्पत्य जीवन में वैमनस्य; पत्नी और सन्तान अस्वस्थ होते हैं; कार्यों में असफलता और व्यापार में बाधाएँ; कष्टदायक यात्राएँ; पेट और सिर के रोग; धन और प्रतिष्ठा की हानि से मानसिक कष्ट।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Sun gochar phal, 7th from the natal Moon (p.11, lines 261-264)

सूर्यकन्या में — आपके आठवें भाव में17 सितंबर से 30 सितंबर तकअशुभ

बीमारी, चिन्ता, विवाद, और अधिकारियों या मालिक से परेशानी।

ग्रन्थ क्या कहता है

रोग और भय; मन में जलन, झगड़े, और राजा, सरकार या अधिकारियों से भय या उनकी अप्रसन्नता।

Phaladeepika · Ch.26 Gocharaphala, sl. 9-11 (Ojha p.625-627 / PDF 627)

शुक्रकन्या में — आपके आठवें भाव में1 सितंबर से 6 सितंबर तकशुभ

अप्रत्याशित रूप से सहज समय: पुरानी परेशानियाँ दूर होती हैं, धन और सुविधाएँ आती हैं, और परिवार सहायता करता है।

ग्रन्थ क्या कहता है

धन और सुख में वृद्धि होती है; जातक के सब कष्ट दूर होते हैं; विलास की वस्तुएँ बढ़ती हैं; कुटुम्बीजनों से धन और सुख का लाभ; अध्ययन में रुचि।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Venus gochar phal, 8th from the natal Moon (p.22, lines 717-719)

शुक्रतुला में — आपके नौवें भाव में6 सितंबर से 30 सितंबर तकशुभ

अपेक्षा से अधिक लाभ, जिनमें कुछ स्थायी भी; स्वास्थ्य अच्छा रहता है और मित्र, भाई-बहन व अधिकारी सहायता करते हैं।

ग्रन्थ क्या कहता है

उत्तम वस्त्र तथा आभूषणों की प्राप्ति होती है; अच्छा स्वास्थ्य; आशा से अधिक लाभ; कुछ स्थायी लाभ भी; राज्य के द्वारा भाग्योदय; मित्रों से लाभ; भाइयों से सहायता और स्नेह; देश के भीतर लम्बी यात्रा।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Venus gochar phal, 9th from the natal Moon (p.22, lines 721-725)

बुधकन्या में — आपके आठवें भाव में1 सितंबर से 22 सितंबर तकशुभ भाव, पर वेध से बाधित

धन आता है, सन्तान अच्छा करती है, बाधाएँ हटती हैं और आपकी स्थिति सुधरती है।

ग्रन्थ क्या कहता है

धन का लाभ तथा पुत्र से सुख होता है; शत्रुओं पर विजय; हर कार्य में सफलता से जातक का उत्साह बढ़ता है; उसकी आर्थिक और सामाजिक स्थिति सुधरती है।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mercury gochar phal, 8th from the natal Moon (p.18, lines 555-558)

बुधतुला में — आपके नौवें भाव में22 सितंबर से 30 सितंबर तक · वक्रीअशुभ

हर काम में रुकावट, यात्रा निराश करती है, धन और प्रतिष्ठा घटती है, और सम्बन्धों में सन्देह और कड़वाहट आती है।

ग्रन्थ क्या कहता है

खेद, संताप तथा सब कार्यों में विघ्न-बाधाएँ आती हैं; यात्रा में असुविधा और हानि; धन और मान की हानि; सम्बन्धियों और भाइयों से मनमुटाव; जातक धर्म और शास्त्र में दोष निकालने का प्रयत्न करता है।

Gochar Vichar · GV ch.1 Gochar ka swaroop aur uska aadhaar, Mercury gochar phal, 9th from the natal Moon (p.18, lines 560-563)

करियर, धन, प्रेम और स्वास्थ्य

क्षेत्ररेटिंग

करियर व कार्य

★★☆☆☆

धन

★★☆☆☆

प्रेम व परिवार

★★☆☆☆

स्वास्थ्य

★☆☆☆☆

इस महीने ग्रहों में बदलाव

  • 6 सितंबरमंगल का कन्या में प्रवेश
  • 6 सितंबरशुक्र का तुला में प्रवेश
  • 14 सितंबरगुरु का मकर में प्रवेश
  • 17 सितंबरसूर्य का कन्या में प्रवेश
  • 22 सितंबरबुध का तुला में प्रवेश
  • 28 सितंबरबुध तुला में वक्री

साढ़े साती और ढैय्या

साढ़े साती चल रही है — पहला (उदय) चरण, शनि आपके बारहवें भाव में।

इस अवधि का शुभ

रंग
गुलाबी व चमकीला सफ़ेद
अंक
6
दिशा
आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)

शुक्र से, जो इस अवधि में आपका सबसे अधिक साथ देने वाला ग्रह है।

उपाय

इस अवधि में शनि को शान्त रखें।

ॐ प्रां प्रीं प्रौं सः शनैश्चराय नमः

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पूजा: शनि देव व हनुमान जी · वार: शनिवार · पढ़ें: शनि चालीसा

इस महीने के त्योहार और व्रत

सभी त्योहार →

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मुफ़्त, सुबह 5:30 बजे। अपनी राशि चुनें; कभी भी बन्द करें।

अन्य राशियाँ

यह मासिक राशिफल कैसे बना

आपकी चन्द्र राशि से, जैसे ग्रन्थ गोचर गिनते हैं। महीने की रेटिंग चन्द्रमा को छोड़ बाकी ग्रहों की मध्य-माह की स्थिति से, वेध के साथ, बनी है, जैसे हमारे वार्षिक पृष्ठ पर। कैलेंडर के हर दिन की अपनी दैनिक रेटिंग है। हर भाव का फल गोचर विचार, फलदीपिका (अध्याय 26) या हिन्दू प्रेडिक्टिव एस्ट्रोलॉजी से है। ग्रह-स्थिति नई दिल्ली की। आपकी अपनी कुण्डली, दशा के साथ, और अधिक बताती है।

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प्रश्न

सितंबर 2021 कुम्भ राशि के लिए कैसा रहेगा?

सितंबर 2021 कुम्भ राशि के लिए सावधानी का महीना (2/5)। अच्छे दिन: 6 सितंबर, 7 सितंबर, 19 सितंबर, 20 सितंबर, 24 सितंबर। सावधानी: 11 सितंबर, 29 सितंबर, 30 सितंबर। सहायक: शुक्र। बाधक: शनि और गुरु।

सितंबर 2021 में कुम्भ राशि के लिए कौन से दिन अच्छे हैं?

अच्छे दिन: 6 सितंबर, 7 सितंबर, 19 सितंबर, 20 सितंबर, 24 सितंबर। सावधानी के दिन: 11 सितंबर, 29 सितंबर, 30 सितंबर।

क्या कुम्भ राशि पर अभी साढ़े साती है?

साढ़े साती चल रही है — पहला (उदय) चरण, शनि आपके बारहवें भाव में।

सितंबर 2021 में कुम्भ राशि का शुभ रंग और अंक?

गुलाबी व चमकीला सफ़ेद, अंक 6, दिशा आग्नेय (दक्षिण-पूर्व) (शुक्र)।