गौरी पंचांगम · वाराणसी
रविवार, 13 अक्टूबर 203005:5517:33
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:55
- उथिशुभ05:55 –07:23
- अमिर्दाश्रेष्ठ07:23 –08:50
- रोगम्अनिष्ट08:50 –10:17
- लाभम्लाभ10:17 –11:44
- धनम्धन11:44 –13:11
- सुगम्शुभ13:11 –14:39
- सोरम्अशुभ14:39 –16:06
- विषम्अशुभ16:06 –17:33राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:33
- धनम्धन17:33 –19:06
- सुगम्शुभ19:06 –20:39
- सोरम्अशुभ20:39 –22:12
- विषम्अशुभ22:12 –23:44
- उथिशुभ23:44 –01:17, 14 अक्टू॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ01:17, 14 अक्टू॰ –02:50, 14 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट02:50, 14 अक्टू॰ –04:23, 14 अक्टू॰
- लाभम्लाभ04:23, 14 अक्टू॰ –05:56, 14 अक्टू॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 13 अक्टूबर 2030 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:55, सूर्यास्त 17:33।