पंचांग · रविवार, 13 अक्टूबर 2030वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण द्वितीया19:02 तक
- कृष्ण तृतीया21:09, 14 अक्टू॰ तक
- अश्विनीस्वामी केतु05:56 तक
- भरणीस्वामी शुक्र08:21, 14 अक्टू॰ तक
- वज्र02:28, 14 अक्टू॰ तक
- सिद्धि03:09, 15 अक्टू॰ तक
- तैतिल06:09 तक
- गर19:02 तक
- वणिज08:02, 14 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:55बिंब मध्य 05:59
- सूर्यास्त
- 17:33बिंब मध्य 17:29
- चंद्रोदय
- 18:38
- चंद्रास्त
- 07:24
- दिनमान
- 11h 38m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- मेष15:01, 14 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:17 –05:06
- प्रातः संध्या04:41 –05:55
- अभिजित मुहूर्त11:21 –12:07
- विजय मुहूर्त13:40 –14:27
- गोधूलि मुहूर्त17:33 –17:58
- सायाह्न संध्या17:33 –18:47
- निशीथ मुहूर्त23:20 –00:09, 14 अक्टू॰
- अमृत काल03:04 –04:50, 14 अक्टू॰
- राहु काल16:06 –17:33
- यमगंड11:44 –13:11
- गुलिक काल14:39 –16:06
- दुर्मुहूर्त16:00 –16:47
- वर्ज्य16:30 –18:16
- गंड मूल05:55 –05:56
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ05:55 – 07:23
- चरसम07:23 – 08:50
- लाभलाभ08:50 – 10:17
- अमृतश्रेष्ठ10:17 – 11:44
- कालहानि11:44 – 13:11
- शुभशुभ13:11 – 14:39
- रोगअनिष्ट14:39 – 16:06
- उद्वेगअशुभ16:06 – 17:33
- शुभशुभ17:33 – 19:06
- अमृतश्रेष्ठ19:06 – 20:39
- चरसम20:39 – 22:12
- रोगअनिष्ट22:12 – 23:44
- कालहानि23:44 – 01:17
- लाभलाभ01:17 – 02:50
- उद्वेगअशुभ02:50 – 04:23
- शुभशुभ04:23 – 05:56
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 05:55–06:54 |
| शुक्र | 06:54–07:52 |
| बुध | 07:52–08:50 |
| चन्द्र | 08:50–09:48 |
| शनि | 09:48–10:46 |
| गुरु | 10:46–11:44 |
| मंगल | 11:44–12:42 |
| सूर्य | 12:42–13:40 |
| शुक्र | 13:40–14:39 |
| बुध | 14:39–15:37 |
| चन्द्र | 15:37–16:35 |
| शनि | 16:35–17:33 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 17:33–18:35 |
| मंगल | 18:35–19:37 |
| सूर्य | 19:37–20:39 |
| शुक्र | 20:39–21:41 |
| बुध | 21:41–22:43 |
| चन्द्र | 22:43–23:44 |
| शनि | 23:44–00:46 |
| गुरु | 00:46–01:48 |
| मंगल | 01:48–02:50 |
| सूर्य | 02:50–03:52 |
| शुक्र | 03:52–04:54 |
| बुध | 04:54–05:56 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- अश्विनी 4 पद05:56 तक
- भरणी 1 पद12:30 तक
- भरणी 2 पद19:05 तक
- भरणी 3 पद01:42, 14 अक्टू॰ तक
- भरणी 4 पद08:21, 14 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 38m
- रात्रिमान
- 12h 23m
- मध्याह्न
- 11:44
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- पूर्व
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 19:02 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- सभा में · 19:02 तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- चन्द्र
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:55 –05:56
- रोग पंचक05:56 –06:19
- शुभ मुहूर्त06:19 –08:36
- मृत्यु पंचक08:36 –10:52
- अग्नि पंचक10:52 –12:57
- शुभ मुहूर्त12:57 –14:42
- राज पंचक14:42 –16:13
- शुभ मुहूर्त16:13 –19:02
- राज पंचक19:02 –19:19
- शुभ मुहूर्त19:19 –21:17
- चोर पंचक21:17 –23:31
- शुभ मुहूर्त23:31 –01:48, 14 अक्टू॰
- रोग पंचक01:48 –04:02, 14 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:02 –05:56, 14 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:06 –06:19
- तुला06:19 –08:36
- वृश्चिक08:36 –10:52
- धनु10:52 –12:57
- मकर12:57 –14:42
- कुम्भ14:42 –16:13
- मीन16:13 –17:41
- मेष17:41 –19:19
- वृषभ19:19 –21:17
- मिथुन21:17 –23:31
- कर्क23:31 –01:48, 14 अक्टू॰
- सिंह01:48 –04:02, 14 अक्टू॰
- कन्या04:02 –06:15, 14 अक्टू॰
पंचांग · वाराणसी, 13 अक्टूबर 2030
रविवार, 13 अक्टूबर 2030 को वाराणसी में सूर्योदय 05:55 और सूर्यास्त 17:33 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 19:02 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र अश्विनी 05:56 तक, फिर भरणी; योग वज्र 14 अक्टूबर 02:28 तक, फिर सिद्धि; करण तैतिल 06:09 तक, फिर गर। चंद्रमा मेष राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 16:06–17:33, अभिजित मुहूर्त 11:21–12:07। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 13 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण द्वितीया 19:02 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 05:55, वाराणसी)।
13 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
अश्विनी 05:56 तक, फिर भरणी। चंद्रमा मेष राशि में 14 अक्टूबर 15:01 तक।
वाराणसी में 13 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 16:06–17:33, यमगण्ड 11:44–13:11, गुलिक काल 14:39–16:06।
वाराणसी में 13 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:55, सूर्यास्त 17:33, चंद्रोदय 18:38 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
13 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:21–12:07, ब्रह्म मुहूर्त 04:17–05:06। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2871° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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