पंचांग · गुरुवार, 1 अप्रैल 2021श्रीनगर

फाल्गुन · कृष्ण चतुर्थी · विक्रम संवत 2077

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:18सूर्योदय18:52सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण चतुर्थी
कृष्ण · 11:00 तक
नक्षत्र
विशाखा
07:22 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:1818:52
गुरुवार · गुरु
राहु काल
14:09 –15:43
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:18दिन18:52
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:52रात06:17
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
अमृत काल
गंड मूल
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण चतुर्थी
    11:00 तक
  2. कृष्ण पंचमी
    08:15, 2 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. विशाखास्वामी गुरु
    07:22 तक
  2. अनुराधास्वामी शनि
    05:19, 2 अप्रैल तक
  3. ज्येष्ठास्वामी बुध
    03:44, 3 अप्रैल तक
योग
  1. सिद्धि
    02:46, 2 अप्रैल तक
  2. व्यतीपात
    23:40, 2 अप्रैल तक
करण
  1. बालव
    11:00 तक
  2. कौलव
    21:34 तक
  3. तैतिल
    08:15, 2 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:18
बिंब मध्य 06:22
सूर्यास्त
18:52
बिंब मध्य 18:47
चंद्रोदय
23:12
चंद्रास्त
08:44
दिनमान
12h 34m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
वृश्चिक
03:44, 3 अप्रैल तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
फाल्गुन
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
शिशिर
विक्रम संवत
2077
शक संवत
1942

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:47 –05:32
  • प्रातः संध्या05:10 –06:18
  • अभिजित मुहूर्त12:10 –13:00
  • विजय मुहूर्त14:40 –15:31
  • गोधूलि मुहूर्त18:52 –19:14
  • सायाह्न संध्या18:52 –20:00
  • निशीथ मुहूर्त00:11 –00:57, 2 अप्रैल
  • अमृत काल19:48 –21:16
इन समयों से बचें
  • राहु काल14:09 –15:43
  • यमगंड06:18 –07:52
  • गुलिक काल09:27 –11:01
  • दुर्मुहूर्त10:29 –11:20
  • दुर्मुहूर्त15:31 –16:21
  • वर्ज्य11:01 –12:29
  • गंड मूल05:19 –06:17, 2 अप्रैल

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभशुभ06:18 – 07:52
  • रोगअनिष्ट07:52 – 09:27
  • उद्वेगअशुभ09:27 – 11:01
  • चरसम11:01 – 12:35
  • लाभलाभ12:35 – 14:09
  • अमृतश्रेष्ठ14:09 – 15:43
  • कालहानि15:43 – 17:17
  • शुभशुभ17:17 – 18:52
रात
  • अमृतश्रेष्ठ18:52 – 20:17
  • चरसम20:17 – 21:43
  • रोगअनिष्ट21:43 – 23:09
  • कालहानि23:09 – 00:34
  • लाभलाभ00:34 – 02:00
  • उद्वेगअशुभ02:00 – 03:26
  • शुभशुभ03:26 – 04:51
  • अमृतश्रेष्ठ04:51 – 06:17

होरा

दिन
ग्रहसमय
गुरु06:18–07:21
मंगल07:21–08:24
सूर्य08:24–09:27
शुक्र09:27–10:29
बुध10:29–11:32
चन्द्र11:32–12:35
शनि12:35–13:38
गुरु13:38–14:40
मंगल14:40–15:43
सूर्य15:43–16:46
शुक्र16:46–17:49
बुध17:49–18:52
रात
ग्रहसमय
चन्द्र18:52–19:49
शनि19:49–20:46
गुरु20:46–21:43
मंगल21:43–22:40
सूर्य22:40–23:37
शुक्र23:37–00:34
बुध00:34–01:31
चन्द्र01:31–02:29
शनि02:29–03:26
गुरु03:26–04:23
मंगल04:23–05:20
सूर्य05:20–06:17

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • विशाखा 4 पद07:22 तक
  • अनुराधा 1 पद12:49 तक
  • अनुराधा 2 पद18:17 तक
  • अनुराधा 3 पद23:47 तक
  • अनुराधा 4 पद05:19, 2 अप्रैल तक
  • ज्येष्ठा 1 पद10:53, 2 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
शिशिर
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 34m
रात्रिमान
11h 25m
मध्याह्न
12:35

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
वृश्चिक · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
विशाखा · 07:22 तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
अनुराधा · 05:19, 2 अप्रैल तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती
ज्येष्ठा · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीभरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यमघापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलपूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
उत्तर
अग्निवास
आकाश · 11:00 तकपाताल
शिववास
कैलाश पर · 11:00 तकनंदी पर
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त06:18 –07:22
  • चोर पंचक07:22 –08:25
  • शुभ मुहूर्त08:25 –10:18
  • रोग पंचक10:18 –11:00
  • शुभ मुहूर्त11:00 –12:34
  • मृत्यु पंचक12:34 –14:59
  • अग्नि पंचक14:59 –17:22
  • शुभ मुहूर्त17:22 –19:45
  • राज पंचक19:45 –22:10
  • शुभ मुहूर्त22:10 –00:31, 2 अप्रैल
  • चोर पंचक00:31 –02:34, 2 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त02:34 –04:11, 2 अप्रैल
  • रोग पंचक04:11 –05:19, 2 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त05:19 –05:33, 2 अप्रैल
  • मृत्यु पंचक05:33 –06:17, 2 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन05:37 –06:56
  • मेष06:56 –08:25
  • वृषभ08:25 –10:18
  • मिथुन10:18 –12:34
  • कर्क12:34 –14:59
  • सिंह14:59 –17:22
  • कन्या17:22 –19:45
  • तुला19:45 –22:10
  • वृश्चिक22:10 –00:31, 2 अप्रैल
  • धनु00:31 –02:34, 2 अप्रैल
  • मकर02:34 –04:11, 2 अप्रैल
  • कुम्भ04:11 –05:33, 2 अप्रैल
  • मीन05:33 –06:52, 2 अप्रैल

पंचांग · श्रीनगर, 1 अप्रैल 2021

गुरुवार, 1 अप्रैल 2021 को श्रीनगर में सूर्योदय 06:18 और सूर्यास्त 18:52 पर है। तिथि कृष्ण चतुर्थी 11:00 तक, फिर कृष्ण पंचमी; नक्षत्र विशाखा 07:22 तक, फिर अनुराधा; योग सिद्धि 2 अप्रैल 02:46 तक, फिर व्यतीपात; करण बालव 11:00 तक, फिर कौलव। चंद्रमा वृश्चिक राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 14:09–15:43, अभिजित मुहूर्त 12:10–13:00। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2077, शक संवत 1942।

इस दिन के बारे में प्रश्न

श्रीनगर में 1 अप्रैल 2021 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण चतुर्थी 11:00 तक, फिर कृष्ण पंचमी (सूर्योदय 06:18, श्रीनगर)।

1 अप्रैल 2021 को कौन सा नक्षत्र है?

विशाखा 07:22 तक, फिर अनुराधा। चंद्रमा वृश्चिक राशि में 3 अप्रैल 03:44 तक।

श्रीनगर में 1 अप्रैल 2021 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 14:09–15:43, यमगण्ड 06:18–07:52, गुलिक काल 09:27–11:01।

श्रीनगर में 1 अप्रैल 2021 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:18, सूर्यास्त 18:52, चंद्रोदय 23:12 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

1 अप्रैल 2021 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:10–13:00, ब्रह्म मुहूर्त 04:47–05:32। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2021आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2021मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1539° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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