पंचांग · मंगलवार, 19 अप्रैल 2022जयपुर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण तृतीया16:39 तक
- कृष्ण चतुर्थी13:53, 20 अप्रैल तक
- अनुराधास्वामी शनि01:39, 20 अप्रैल तक
- ज्येष्ठास्वामी बुध23:41, 20 अप्रैल तक
- व्यतीपात17:01 तक
- वरीयान्13:39, 20 अप्रैल तक
- वणिज06:02 तक
- विष्टि16:39 तक
- बव03:15, 20 अप्रैल तक
- बालव13:53, 20 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:59बिंब मध्य 06:03
- सूर्यास्त
- 18:53बिंब मध्य 18:49
- चंद्रोदय
- 21:52
- चंद्रास्त
- 07:43
- दिनमान
- 12h 54m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- वृश्चिक23:41, 20 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मेष
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- चैत्र
- पूर्णिमांत मास
- वैशाख
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2079
- शक संवत
- 1944
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:30 –05:15
- प्रातः संध्या04:53 –05:59
- अभिजित मुहूर्त12:00 –12:52
- विजय मुहूर्त14:35 –15:27
- गोधूलि मुहूर्त18:53 –19:15
- सायाह्न संध्या18:53 –20:00
- निशीथ मुहूर्त00:04 –00:48, 20 अप्रैल
- अमृत काल16:07 –17:35
- राहु काल15:40 –17:16
- यमगंड09:13 –10:50
- गुलिक काल12:26 –14:03
- दुर्मुहूर्त08:34 –09:26
- दुर्मुहूर्त23:19 –00:04, 20 अप्रैल
- वर्ज्य07:18 –08:46
- गंड मूल01:39 –05:58, 20 अप्रैल
- भद्रा06:02 –16:39
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट05:59 – 07:36
- उद्वेगअशुभ07:36 – 09:13
- चरसम09:13 – 10:50
- लाभलाभ10:50 – 12:26
- अमृतश्रेष्ठ12:26 – 14:03
- कालहानि14:03 – 15:40
- शुभशुभ15:40 – 17:16
- रोगअनिष्ट17:16 – 18:53
- कालहानि18:53 – 20:16
- लाभलाभ20:16 – 21:39
- उद्वेगअशुभ21:39 – 23:03
- शुभशुभ23:03 – 00:26
- अमृतश्रेष्ठ00:26 – 01:49
- चरसम01:49 – 03:12
- रोगअनिष्ट03:12 – 04:35
- कालहानि04:35 – 05:58
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 05:59–07:04 |
| सूर्य | 07:04–08:08 |
| शुक्र | 08:08–09:13 |
| बुध | 09:13–10:17 |
| चन्द्र | 10:17–11:22 |
| शनि | 11:22–12:26 |
| गुरु | 12:26–13:31 |
| मंगल | 13:31–14:35 |
| सूर्य | 14:35–15:40 |
| शुक्र | 15:40–16:44 |
| बुध | 16:44–17:49 |
| चन्द्र | 17:49–18:53 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 18:53–19:49 |
| गुरु | 19:49–20:44 |
| मंगल | 20:44–21:39 |
| सूर्य | 21:39–22:35 |
| शुक्र | 22:35–23:30 |
| बुध | 23:30–00:26 |
| चन्द्र | 00:26–01:21 |
| शनि | 01:21–02:17 |
| गुरु | 02:17–03:12 |
| मंगल | 03:12–04:08 |
| सूर्य | 04:08–05:03 |
| शुक्र | 05:03–05:58 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- अनुराधा 1 पद09:09 तक
- अनुराधा 2 पद14:39 तक
- अनुराधा 3 पद20:09 तक
- अनुराधा 4 पद01:39, 20 अप्रैल तक
- ज्येष्ठा 1 पद07:09, 20 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- अश्विनी 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 54m
- रात्रिमान
- 11h 5m
- मध्याह्न
- 12:26
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 16:39 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- क्रीड़ा में · 16:39 तककैलाश पर
- होमाहुति
- मंगल
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:59 –07:25
- राज पंचक07:25 –09:21
- शुभ मुहूर्त09:21 –11:36
- चोर पंचक11:36 –13:55
- शुभ मुहूर्त13:55 –16:10
- रोग पंचक16:10 –16:39
- शुभ मुहूर्त16:39 –18:25
- मृत्यु पंचक18:25 –20:43
- अग्नि पंचक20:43 –23:00
- शुभ मुहूर्त23:00 –01:05, 20 अप्रैल
- राज पंचक01:05 –01:39, 20 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त01:39 –02:48, 20 अप्रैल
- चोर पंचक02:48 –04:18, 20 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त04:18 –05:58, 20 अप्रैल
उदय लग्न
- मेष05:48 –07:25
- वृषभ07:25 –09:21
- मिथुन09:21 –11:36
- कर्क11:36 –13:55
- सिंह13:55 –16:10
- कन्या16:10 –18:25
- तुला18:25 –20:43
- वृश्चिक20:43 –23:00
- धनु23:00 –01:05, 20 अप्रैल
- मकर01:05 –02:48, 20 अप्रैल
- कुम्भ02:48 –04:18, 20 अप्रैल
- मीन04:18 –05:44, 20 अप्रैल
- मेष05:44 –07:21, 20 अप्रैल
पंचांग · जयपुर, 19 अप्रैल 2022
मंगलवार, 19 अप्रैल 2022 को जयपुर में सूर्योदय 05:59 और सूर्यास्त 18:53 पर है। तिथि कृष्ण तृतीया 16:39 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी; नक्षत्र अनुराधा 20 अप्रैल 01:39 तक, फिर ज्येष्ठा; योग व्यतीपात 17:01 तक, फिर वरीयान्; करण वणिज 06:02 तक, फिर विष्टि। चंद्रमा वृश्चिक राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 15:40–17:16, अभिजित मुहूर्त 12:00–12:52। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2079, शक संवत 1944।
इस दिन के बारे में प्रश्न
जयपुर में 19 अप्रैल 2022 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण तृतीया 16:39 तक, फिर कृष्ण चतुर्थी (सूर्योदय 05:59, जयपुर)।
19 अप्रैल 2022 को कौन सा नक्षत्र है?
अनुराधा 20 अप्रैल 01:39 तक, फिर ज्येष्ठा। चंद्रमा वृश्चिक राशि में 20 अप्रैल 23:41 तक।
जयपुर में 19 अप्रैल 2022 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 15:40–17:16, यमगण्ड 09:13–10:50, गुलिक काल 12:26–14:03।
जयपुर में 19 अप्रैल 2022 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:59, सूर्यास्त 18:53, चंद्रोदय 21:52 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
19 अप्रैल 2022 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:00–12:52, ब्रह्म मुहूर्त 04:30–05:15। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
19 अप्रैल 2022 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
संकष्टी चतुर्थी।
जयपुर हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2022आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2022मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1686° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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