शुभ होरा · जयपुर

गुरुवार, 4 नवंबर 202706:3817:42

दिनसूर्योदय से · 06:38
ग्रहसमय
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ06:38 –07:34
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें07:34 –08:29
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि08:29 –09:24
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद09:24 –10:20
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद10:20 –11:15
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य11:15 –12:10
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें12:10 –13:06
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ13:06 –14:01
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें14:01 –14:56
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि14:56 –15:52
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद15:52 –16:47
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद16:47 –17:42
रातसूर्यास्त से · 17:42
ग्रहसमय
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य17:42 –18:47
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें18:47 –19:52
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ19:52 –20:56
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें20:56 –22:01
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि22:01 –23:06
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद23:06 –00:11, 5 नव॰
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद00:11, 5 नव॰ –01:15, 5 नव॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य01:15, 5 नव॰ –02:20, 5 नव॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें02:20, 5 नव॰ –03:25, 5 नव॰
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ03:25, 5 नव॰ –04:30, 5 नव॰
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें04:30, 5 नव॰ –05:34, 5 नव॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि05:34, 5 नव॰ –06:39, 5 नव॰

जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

जयपुर में 4 नवंबर 2027 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 06:38 पर पहली होरा गुरु की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर