गौरी पंचांगम · वाराणसी
रविवार, 3 अगस्त 203105:2618:42
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:26
- उथिशुभ05:26 –07:05
- अमिर्दाश्रेष्ठ07:05 –08:45
- रोगम्अनिष्ट08:45 –10:25
- लाभम्लाभ10:25 –12:04
- धनम्धन12:04 –13:44
- सुगम्शुभ13:44 –15:23
- सोरम्अशुभ15:23 –17:03
- विषम्अशुभ17:03 –18:42राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:42
- धनम्धन18:42 –20:03
- सुगम्शुभ20:03 –21:23
- सोरम्अशुभ21:23 –22:44
- विषम्अशुभ22:44 –00:04, 4 अग॰
- उथिशुभ00:04, 4 अग॰ –01:25, 4 अग॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ01:25, 4 अग॰ –02:45, 4 अग॰
- रोगम्अनिष्ट02:45, 4 अग॰ –04:06, 4 अग॰
- लाभम्लाभ04:06, 4 अग॰ –05:26, 4 अग॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 3 अगस्त 2031 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:26, सूर्यास्त 18:42।