गौरी पंचांगम · वाराणसी
मंगलवार, 13 मई 203105:1518:35
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:15
- रोगम्अनिष्ट05:15 –06:55
- लाभम्लाभ06:55 –08:35
- धनम्धन08:35 –10:15
- सुगम्शुभ10:15 –11:55
- सोरम्अशुभ11:55 –13:35
- उथिशुभ13:35 –15:15
- विषम्अशुभ15:15 –16:55राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ16:55 –18:35
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:35
- सोरम्अशुभ18:35 –19:55
- उथिशुभ19:55 –21:15
- विषम्अशुभ21:15 –22:34
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:34 –23:54
- रोगम्अनिष्ट23:54 –01:14, 14 मई
- लाभम्लाभ01:14, 14 मई –02:34, 14 मई
- धनम्धन02:34, 14 मई –03:54, 14 मई
- सुगम्शुभ03:54, 14 मई –05:14, 14 मई
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 13 मई 2031 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:15, सूर्यास्त 18:35।