गौरी पंचांगम · वाराणसी
रविवार, 20 अप्रैल 203105:3218:23
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:32
- उथिशुभ05:32 –07:08
- अमिर्दाश्रेष्ठ07:08 –08:44
- रोगम्अनिष्ट08:44 –10:21
- लाभम्लाभ10:21 –11:57
- धनम्धन11:57 –13:34
- सुगम्शुभ13:34 –15:10
- सोरम्अशुभ15:10 –16:47
- विषम्अशुभ16:47 –18:23राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:23
- धनम्धन18:23 –19:47
- सुगम्शुभ19:47 –21:10
- सोरम्अशुभ21:10 –22:33
- विषम्अशुभ22:33 –23:57
- उथिशुभ23:57 –01:20, 21 अप्रैल
- अमिर्दाश्रेष्ठ01:20, 21 अप्रैल –02:44, 21 अप्रैल
- रोगम्अनिष्ट02:44, 21 अप्रैल –04:07, 21 अप्रैल
- लाभम्लाभ04:07, 21 अप्रैल –05:31, 21 अप्रैल
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 20 अप्रैल 2031 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:32, सूर्यास्त 18:23।