गौरी पंचांगम · हरिद्वार
सोमवार, 30 अक्टूबर 202806:3017:32
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:30
- अमिर्दाश्रेष्ठ06:30 –07:53
- विषम्अशुभ07:53 –09:15राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट09:15 –10:38
- लाभम्लाभ10:38 –12:01
- धनम्धन12:01 –13:24
- सुगम्शुभ13:24 –14:46
- सोरम्अशुभ14:46 –16:09
- उथिशुभ16:09 –17:32
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:32
- सुगम्शुभ17:32 –19:09
- सोरम्अशुभ19:09 –20:47
- उथिशुभ20:47 –22:24
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:24 –00:01, 31 अक्टू॰
- विषम्अशुभ00:01, 31 अक्टू॰ –01:39, 31 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट01:39, 31 अक्टू॰ –03:16, 31 अक्टू॰
- लाभम्लाभ03:16, 31 अक्टू॰ –04:53, 31 अक्टू॰
- धनम्धन04:53, 31 अक्टू॰ –06:30, 31 अक्टू॰
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
हरिद्वार में 30 अक्टूबर 2028 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:30, सूर्यास्त 17:32।