गौरी पंचांगम · हरिद्वार
बुधवार, 21 अक्टूबर 202606:2317:41
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:23
- लाभम्लाभ06:23 –07:48
- धनम्धन07:48 –09:12
- सुगम्शुभ09:12 –10:37
- सोरम्अशुभ10:37 –12:02
- विषम्अशुभ12:02 –13:27राहुकाल
- उथिशुभ13:27 –14:51
- अमिर्दाश्रेष्ठ14:51 –16:16
- रोगम्अनिष्ट16:16 –17:41
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:41
- उथिशुभ17:41 –19:16
- अमिर्दाश्रेष्ठ19:16 –20:51
- रोगम्अनिष्ट20:51 –22:27
- लाभम्लाभ22:27 –00:02, 22 अक्टू॰
- धनम्धन00:02, 22 अक्टू॰ –01:38, 22 अक्टू॰
- सुगम्शुभ01:38, 22 अक्टू॰ –03:13, 22 अक्टू॰
- सोरम्अशुभ03:13, 22 अक्टू॰ –04:48, 22 अक्टू॰
- विषम्अशुभ04:48, 22 अक्टू॰ –06:24, 22 अक्टू॰
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
हरिद्वार में 21 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:23, सूर्यास्त 17:41।