लग्न सारणी · हरिद्वार
बुधवार, 21 अक्टूबर 202606:2317:41
पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि लगभग हर दो घंटे में बदलती है; स्थायी कार्य के लिए स्थिर राशियाँ (वृषभ, सिंह, वृश्चिक, कुंभ) श्रेष्ठ मानी जाती हैं।
- 7तुलाचर2 घं. 20 मि.06:11 –08:31
- 8वृश्चिकस्थिर2 घं. 20 मि.08:31 –10:51
- 9धनुद्विस्वभाव2 घं. 3 मि.10:51 –12:54
- 10मकरचर1 घं. 41 मि.12:54 –14:35
- 11कुम्भस्थिर1 घं. 26 मि.14:35 –16:01
- 12मीनद्विस्वभाव1 घं. 24 मि.16:01 –17:25
- 1मेषचर1 घं. 34 मि.17:25 –18:59
- 2वृषभस्थिर1 घं. 55 मि.18:59 –20:54
- 3मिथुनद्विस्वभाव2 घं. 15 मि.20:54 –23:09
- 4कर्कचर2 घं. 21 मि.23:09 –01:30, 22 अक्टू॰
- 5सिंहस्थिर2 घं. 19 मि.01:30, 22 अक्टू॰ –03:49, 22 अक्टू॰
- 6कन्याद्विस्वभाव2 घं. 18 मि.03:49, 22 अक्टू॰ –06:07, 22 अक्टू॰
- 7तुलाचर2 घं. 20 मि.06:07, 22 अक्टू॰ –08:27, 22 अक्टू॰
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
लग्न सारणी
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
इस दिन के लिए और
लग्न सारणी — प्रश्न और उत्तर
लग्न सारणी क्या है?
उदय लग्न पूर्वी क्षितिज पर उदित राशि है। मुहूर्त ग्रंथ दिन जितनी ही सावधानी से लग्न चुनते हैं: गृह प्रवेश जैसे स्थायी कार्य के लिए बलवान स्थिर लग्न, यात्रा के लिए चर लग्न।
हरिद्वार में 21 अक्टूबर 2026 की लग्न सारणी क्या है?
सूर्योदय 06:23 से उदय लग्न: हर उदित राशि उसके आरम्भ और समाप्ति समय सहित।