पंचांग · मंगलवार, 14 अक्टूबर 2031वाराणसी
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण त्रयोदशी14:05 तक
- कृष्ण चतुर्दशी14:13, 15 अक्टू॰ तक
- उत्तर फाल्गुनीस्वामी सूर्य04:04, 15 अक्टू॰ तक
- हस्तस्वामी चन्द्र04:32, 16 अक्टू॰ तक
- ब्रह्मा21:36 तक
- इन्द्र20:28, 15 अक्टू॰ तक
- वणिज14:05 तक
- विष्टि02:13, 15 अक्टू॰ तक
- शकुनि14:13, 15 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:56बिंब मध्य 05:59
- सूर्यास्त
- 17:32बिंब मध्य 17:28
- चंद्रोदय
- 03:51
- चंद्रास्त
- 16:06
- दिनमान
- 11h 36m
- वार
- मंगलवार · मंगल
- चंद्र राशि
- सिंह09:22 तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- भाद्रपद
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2088
- शक संवत
- 1953
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:17 –05:06
- प्रातः संध्या04:41 –05:56
- अभिजित मुहूर्त11:21 –12:07
- विजय मुहूर्त13:40 –14:27
- गोधूलि मुहूर्त17:32 –17:57
- सायाह्न संध्या17:32 –18:47
- निशीथ मुहूर्त23:19 –00:09, 15 अक्टू॰
- अमृत काल20:34 –22:14
- राहु काल14:38 –16:05
- यमगंड08:50 –10:17
- गुलिक काल11:44 –13:11
- दुर्मुहूर्त08:15 –09:01
- दुर्मुहूर्त22:30 –23:19
- वर्ज्य10:34 –12:14
- भद्रा14:05 –02:13, 15 अक्टू॰
चौघड़िया
- रोगअनिष्ट05:56 – 07:23
- उद्वेगअशुभ07:23 – 08:50
- चरसम08:50 – 10:17
- लाभलाभ10:17 – 11:44
- अमृतश्रेष्ठ11:44 – 13:11
- कालहानि13:11 – 14:38
- शुभशुभ14:38 – 16:05
- रोगअनिष्ट16:05 – 17:32
- कालहानि17:32 – 19:05
- लाभलाभ19:05 – 20:38
- उद्वेगअशुभ20:38 – 22:11
- शुभशुभ22:11 – 23:44
- अमृतश्रेष्ठ23:44 – 01:17
- चरसम01:17 – 02:50
- रोगअनिष्ट02:50 – 04:23
- कालहानि04:23 – 05:56
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 05:56–06:54 |
| सूर्य | 06:54–07:52 |
| शुक्र | 07:52–08:50 |
| बुध | 08:50–09:48 |
| चन्द्र | 09:48–10:46 |
| शनि | 10:46–11:44 |
| गुरु | 11:44–12:42 |
| मंगल | 12:42–13:40 |
| सूर्य | 13:40–14:38 |
| शुक्र | 14:38–15:36 |
| बुध | 15:36–16:34 |
| चन्द्र | 16:34–17:32 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शनि | 17:32–18:34 |
| गुरु | 18:34–19:36 |
| मंगल | 19:36–20:38 |
| सूर्य | 20:38–21:40 |
| शुक्र | 21:40–22:42 |
| बुध | 22:42–23:44 |
| चन्द्र | 23:44–00:46 |
| शनि | 00:46–01:48 |
| गुरु | 01:48–02:50 |
| मंगल | 02:50–03:52 |
| सूर्य | 03:52–04:54 |
| शुक्र | 04:54–05:56 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- उत्तर फाल्गुनी 1 पद09:22 तक
- उत्तर फाल्गुनी 2 पद15:38 तक
- उत्तर फाल्गुनी 3 पद21:52 तक
- उत्तर फाल्गुनी 4 पद04:04, 15 अक्टू॰ तक
- हस्त 1 पद10:14, 15 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 36m
- रात्रिमान
- 12h 24m
- मध्याह्न
- 11:44
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- पश्चिम
- चंद्र वास
- पूर्व · 09:22 तकदक्षिण
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 14:05 तकआकाश
- शिववास
- भोजन में · 14:05 तकश्मशान में
- होमाहुति
- केतु
पंचक रहित मुहूर्त
- राज पंचक05:56 –06:16
- शुभ मुहूर्त06:16 –08:33
- चोर पंचक08:33 –10:50
- शुभ मुहूर्त10:50 –12:54
- रोग पंचक12:54 –14:05
- शुभ मुहूर्त14:05 –14:39
- मृत्यु पंचक14:39 –16:10
- अग्नि पंचक16:10 –17:38
- शुभ मुहूर्त17:38 –19:17
- मृत्यु पंचक19:17 –21:14
- अग्नि पंचक21:14 –23:28
- शुभ मुहूर्त23:28 –01:45, 15 अक्टू॰
- राज पंचक01:45 –03:59, 15 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त03:59 –04:04, 15 अक्टू॰
- चोर पंचक04:04 –05:56, 15 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:03 –06:16
- तुला06:16 –08:33
- वृश्चिक08:33 –10:50
- धनु10:50 –12:54
- मकर12:54 –14:39
- कुम्भ14:39 –16:10
- मीन16:10 –17:38
- मेष17:38 –19:17
- वृषभ19:17 –21:14
- मिथुन21:14 –23:28
- कर्क23:28 –01:45, 15 अक्टू॰
- सिंह01:45 –03:59, 15 अक्टू॰
- कन्या03:59 –06:12, 15 अक्टू॰
पंचांग · वाराणसी, 14 अक्टूबर 2031
मंगलवार, 14 अक्टूबर 2031 को वाराणसी में सूर्योदय 05:56 और सूर्यास्त 17:32 पर है। तिथि कृष्ण त्रयोदशी 14:05 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी; नक्षत्र उत्तर फाल्गुनी 15 अक्टूबर 04:04 तक, फिर हस्त; योग ब्रह्मा 21:36 तक, फिर इन्द्र; करण वणिज 14:05 तक, फिर विष्टि। चंद्रमा सिंह राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 14:38–16:05, अभिजित मुहूर्त 11:21–12:07। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2088, शक संवत 1953।
इस दिन के बारे में प्रश्न
वाराणसी में 14 अक्टूबर 2031 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण त्रयोदशी 14:05 तक, फिर कृष्ण चतुर्दशी (सूर्योदय 05:56, वाराणसी)।
14 अक्टूबर 2031 को कौन सा नक्षत्र है?
उत्तर फाल्गुनी 15 अक्टूबर 04:04 तक, फिर हस्त। चंद्रमा सिंह राशि में 09:22 तक।
वाराणसी में 14 अक्टूबर 2031 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 14:38–16:05, यमगण्ड 08:50–10:17, गुलिक काल 11:44–13:11।
वाराणसी में 14 अक्टूबर 2031 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:56, सूर्यास्त 17:32, चंद्रोदय 03:51 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
14 अक्टूबर 2031 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:21–12:07, ब्रह्म मुहूर्त 04:17–05:06। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
वाराणसी हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2031आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2031मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.3011° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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