पंचांग · सोमवार, 3 अक्टूबर 2022श्रीनगर

आश्विन · शुक्ल अष्टमी · विक्रम संवत 2079दुर्गा अष्टमी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:26सूर्योदय18:13सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल अष्टमी
शुक्ल · 16:38 तक
नक्षत्र
पूर्वाषाढ़ा
00:25, 4 अक्टू॰ तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:2618:13
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
07:55 –09:23
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:26दिन18:13
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
राहु काल
यमगंड
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
गुलिक काल
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:13रात06:27
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
अमृत काल
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल अष्टमी
    16:38 तक
  2. शुक्ल नवमी
    14:21, 4 अक्टू॰ तक
नक्षत्र
  1. पूर्वाषाढ़ास्वामी शुक्र
    00:25, 4 अक्टू॰ तक
  2. उत्तराषाढ़ास्वामी सूर्य
    22:51, 4 अक्टू॰ तक
योग
  1. शोभन
    14:21 तक
  2. अतिगण्ड
    11:23, 4 अक्टू॰ तक
करण
  1. बव
    16:38 तक
  2. बालव
    03:30, 4 अक्टू॰ तक
  3. कौलव
    14:21, 4 अक्टू॰ तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:26
बिंब मध्य 06:30
सूर्यास्त
18:13
बिंब मध्य 18:08
चंद्रोदय
14:10
चंद्रास्त
23:53
दिनमान
11h 47m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
धनु
06:02, 4 अक्टू॰ तक
सूर्य राशि
कन्या

चांद्र पंचांग

अमांत मास
आश्विन
पूर्णिमांत मास
आश्विन
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
शरद
विक्रम संवत
2079
शक संवत
1944

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:49 –05:38
  • प्रातः संध्या05:13 –06:26
  • अभिजित मुहूर्त11:56 –12:43
  • विजय मुहूर्त14:17 –15:04
  • गोधूलि मुहूर्त18:13 –18:37
  • सायाह्न संध्या18:13 –19:26
  • निशीथ मुहूर्त23:56 –00:45, 4 अक्टू॰
  • अमृत काल19:54 –21:24
इन समयों से बचें
  • राहु काल07:55 –09:23
  • यमगंड10:51 –12:20
  • गुलिक काल13:48 –15:16
  • दुर्मुहूर्त12:43 –13:30
  • दुर्मुहूर्त15:04 –15:52
  • वर्ज्य10:53 –12:24

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ06:26 – 07:55
  • कालहानि07:55 – 09:23
  • शुभशुभ09:23 – 10:51
  • रोगअनिष्ट10:51 – 12:20
  • उद्वेगअशुभ12:20 – 13:48
  • चरसम13:48 – 15:16
  • लाभलाभ15:16 – 16:45
  • अमृतश्रेष्ठ16:45 – 18:13
रात
  • चरसम18:13 – 19:45
  • रोगअनिष्ट19:45 – 21:16
  • कालहानि21:16 – 22:48
  • लाभलाभ22:48 – 00:20
  • उद्वेगअशुभ00:20 – 01:52
  • शुभशुभ01:52 – 03:24
  • अमृतश्रेष्ठ03:24 – 04:55
  • चरसम04:55 – 06:27

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र06:26–07:25
शनि07:25–08:24
गुरु08:24–09:23
मंगल09:23–10:22
सूर्य10:22–11:21
शुक्र11:21–12:20
बुध12:20–13:19
चन्द्र13:19–14:17
शनि14:17–15:16
गुरु15:16–16:15
मंगल16:15–17:14
सूर्य17:14–18:13
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:13–19:14
बुध19:14–20:15
चन्द्र20:15–21:16
शनि21:16–22:18
गुरु22:18–23:19
मंगल23:19–00:20
सूर्य00:20–01:21
शुक्र01:21–02:22
बुध02:22–03:24
चन्द्र03:24–04:25
शनि04:25–05:26
गुरु05:26–06:27

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • पूर्वाषाढ़ा 1 पद07:31 तक
  • पूर्वाषाढ़ा 2 पद13:10 तक
  • पूर्वाषाढ़ा 3 पद18:47 तक
  • पूर्वाषाढ़ा 4 पद00:25, 4 अक्टू॰ तक
  • उत्तराषाढ़ा 1 पद06:02, 4 अक्टू॰ तक
  • उत्तराषाढ़ा 2 पद11:38, 4 अक्टू॰ तक
सूर्य नक्षत्र
हस्त 2 पद
ऋतु (दृक्)
शरद
ऋतु (वैदिक)
शरद
अयन (दृक्)
दक्षिणायन
अयन (वैदिक)
दक्षिणायन
दिनमान
11h 47m
रात्रिमान
12h 14m
मध्याह्न
12:20

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
धनु · 06:02, 4 अक्टू॰ तक
मिथुनकर्कतुलाधनुकुम्भमीन
वृषभ राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
मकर · अगले सूर्योदय तक
मेषकर्कसिंहवृश्चिकमकरमीन
मिथुन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
पूर्वाषाढ़ा · 00:25, 4 अक्टू॰ तक
अश्विनीकृत्तिकारोहिणीआर्द्रापुष्यमघाउत्तर फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधामूलउत्तराषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपद
उत्तराषाढ़ा · अगले सूर्योदय तक
भरणीरोहिणीमृगशिरापुनर्वसुअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तचित्राविशाखाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
पूर्व · 06:02, 4 अक्टू॰ तकदक्षिण
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 16:38 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
श्मशान में · 16:38 तकगौरी के साथ
होमाहुति
शुक्र

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त06:26 –07:38
  • मृत्यु पंचक07:38 –10:03
  • अग्नि पंचक10:03 –12:25
  • शुभ मुहूर्त12:25 –14:28
  • राज पंचक14:28 –16:05
  • शुभ मुहूर्त16:05 –16:38
  • चोर पंचक16:38 –17:27
  • शुभ मुहूर्त17:27 –20:15
  • चोर पंचक20:15 –22:08
  • शुभ मुहूर्त22:08 –00:24, 4 अक्टू॰
  • रोग पंचक00:24 –00:25, 4 अक्टू॰
  • शुभ मुहूर्त00:25 –02:49, 4 अक्टू॰
  • मृत्यु पंचक02:49 –05:12, 4 अक्टू॰
  • अग्नि पंचक05:12 –06:27, 4 अक्टू॰

उदय लग्न

  • कन्या05:16 –07:38
  • तुला07:38 –10:03
  • वृश्चिक10:03 –12:25
  • धनु12:25 –14:28
  • मकर14:28 –16:05
  • कुम्भ16:05 –17:27
  • मीन17:27 –18:45
  • मेष18:45 –20:15
  • वृषभ20:15 –22:08
  • मिथुन22:08 –00:24, 4 अक्टू॰
  • कर्क00:24 –02:49, 4 अक्टू॰
  • सिंह02:49 –05:12, 4 अक्टू॰
  • कन्या05:12 –07:34, 4 अक्टू॰

पंचांग · श्रीनगर, 3 अक्टूबर 2022

सोमवार, 3 अक्टूबर 2022 को श्रीनगर में सूर्योदय 06:26 और सूर्यास्त 18:13 पर है। तिथि शुक्ल अष्टमी 16:38 तक, फिर शुक्ल नवमी; नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा 4 अक्टूबर 00:25 तक, फिर उत्तराषाढ़ा; योग शोभन 14:21 तक, फिर अतिगण्ड; करण बव 16:38 तक, फिर बालव। चंद्रमा धनु राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 07:55–09:23, अभिजित मुहूर्त 11:56–12:43। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2079, शक संवत 1944।

इस दिन के बारे में प्रश्न

श्रीनगर में 3 अक्टूबर 2022 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल अष्टमी 16:38 तक, फिर शुक्ल नवमी (सूर्योदय 06:26, श्रीनगर)।

3 अक्टूबर 2022 को कौन सा नक्षत्र है?

पूर्वाषाढ़ा 4 अक्टूबर 00:25 तक, फिर उत्तराषाढ़ा। चंद्रमा धनु राशि में 4 अक्टूबर 06:02 तक।

श्रीनगर में 3 अक्टूबर 2022 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 07:55–09:23, यमगण्ड 10:51–12:20, गुलिक काल 13:48–15:16।

श्रीनगर में 3 अक्टूबर 2022 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:26, सूर्यास्त 18:13, चंद्रोदय 14:10 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

3 अक्टूबर 2022 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:56–12:43, ब्रह्म मुहूर्त 04:49–05:38। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

3 अक्टूबर 2022 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

दुर्गा अष्टमी।

श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2022आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2022मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1749° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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