पंचांग · रविवार, 4 अप्रैल 2021श्रीनगर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण अष्टमी02:59, 5 अप्रैल तक
- कृष्ण नवमी02:19, 6 अप्रैल तक
- पूर्वाषाढ़ास्वामी शुक्र02:06, 5 अप्रैल तक
- उत्तराषाढ़ास्वामी सूर्य02:05, 6 अप्रैल तक
- परिघ18:43 तक
- शिव16:53, 5 अप्रैल तक
- बालव15:32 तक
- कौलव02:59, 5 अप्रैल तक
- तैतिल14:35, 5 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:14बिंब मध्य 06:18
- सूर्यास्त
- 18:54बिंब मध्य 18:49
- चंद्रोदय
- 01:26
- चंद्रास्त
- 11:19
- दिनमान
- 12h 40m
- वार
- रविवार · सूर्य
- चंद्र राशि
- धनु08:02, 5 अप्रैल तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- फाल्गुन
- पूर्णिमांत मास
- चैत्र
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शिशिर
- विक्रम संवत
- 2077
- शक संवत
- 1942
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:43 –05:29
- प्रातः संध्या05:06 –06:14
- अभिजित मुहूर्त12:09 –12:59
- विजय मुहूर्त14:41 –15:31
- गोधूलि मुहूर्त18:54 –19:16
- सायाह्न संध्या18:54 –20:02
- निशीथ मुहूर्त00:11 –00:56, 5 अप्रैल
- अमृत काल21:24 –22:58
- राहु काल17:19 –18:54
- यमगंड12:34 –14:09
- गुलिक काल15:44 –17:19
- दुर्मुहूर्त17:13 –18:03
- वर्ज्य12:01 –13:35
चौघड़िया
- उद्वेगअशुभ06:14 – 07:49
- चरसम07:49 – 09:24
- लाभलाभ09:24 – 10:59
- अमृतश्रेष्ठ10:59 – 12:34
- कालहानि12:34 – 14:09
- शुभशुभ14:09 – 15:44
- रोगअनिष्ट15:44 – 17:19
- उद्वेगअशुभ17:19 – 18:54
- शुभशुभ18:54 – 20:19
- अमृतश्रेष्ठ20:19 – 21:44
- चरसम21:44 – 23:09
- रोगअनिष्ट23:09 – 00:33
- कालहानि00:33 – 01:58
- लाभलाभ01:58 – 03:23
- उद्वेगअशुभ03:23 – 04:48
- शुभशुभ04:48 – 06:13
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 06:14–07:18 |
| शुक्र | 07:18–08:21 |
| बुध | 08:21–09:24 |
| चन्द्र | 09:24–10:27 |
| शनि | 10:27–11:31 |
| गुरु | 11:31–12:34 |
| मंगल | 12:34–13:37 |
| सूर्य | 13:37–14:41 |
| शुक्र | 14:41–15:44 |
| बुध | 15:44–16:47 |
| चन्द्र | 16:47–17:51 |
| शनि | 17:51–18:54 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 18:54–19:50 |
| मंगल | 19:50–20:47 |
| सूर्य | 20:47–21:44 |
| शुक्र | 21:44–22:40 |
| बुध | 22:40–23:37 |
| चन्द्र | 23:37–00:33 |
| शनि | 00:33–01:30 |
| गुरु | 01:30–02:27 |
| मंगल | 02:27–03:23 |
| सूर्य | 03:23–04:20 |
| शुक्र | 04:20–05:16 |
| बुध | 05:16–06:13 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पूर्वाषाढ़ा 1 पद08:27 तक
- पूर्वाषाढ़ा 2 पद14:18 तक
- पूर्वाषाढ़ा 3 पद20:11 तक
- पूर्वाषाढ़ा 4 पद02:06, 5 अप्रैल तक
- उत्तराषाढ़ा 1 पद08:02, 5 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- रेवती 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- शिशिर
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 40m
- रात्रिमान
- 11h 19m
- मध्याह्न
- 12:34
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- उत्तर
- चंद्र वास
- पूर्व
- अग्निवास
- आकाश · 02:59, 5 अप्रैल तकपाताल
- शिववास
- गौरी के साथ · 02:59, 5 अप्रैल तकसभा में
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- अग्नि पंचक06:14 –06:44
- शुभ मुहूर्त06:44 –08:14
- मृत्यु पंचक08:14 –10:06
- अग्नि पंचक10:06 –12:22
- शुभ मुहूर्त12:22 –14:47
- राज पंचक14:47 –17:11
- शुभ मुहूर्त17:11 –19:33
- चोर पंचक19:33 –21:58
- शुभ मुहूर्त21:58 –00:19, 5 अप्रैल
- रोग पंचक00:19 –02:06, 5 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त02:06 –02:22, 5 अप्रैल
- मृत्यु पंचक02:22 –02:59, 5 अप्रैल
- अग्नि पंचक02:59 –04:00, 5 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त04:00 –05:21, 5 अप्रैल
- राज पंचक05:21 –06:13, 5 अप्रैल
उदय लग्न
- मीन05:25 –06:44
- मेष06:44 –08:14
- वृषभ08:14 –10:06
- मिथुन10:06 –12:22
- कर्क12:22 –14:47
- सिंह14:47 –17:11
- कन्या17:11 –19:33
- तुला19:33 –21:58
- वृश्चिक21:58 –00:19, 5 अप्रैल
- धनु00:19 –02:22, 5 अप्रैल
- मकर02:22 –04:00, 5 अप्रैल
- कुम्भ04:00 –05:21, 5 अप्रैल
- मीन05:21 –06:40, 5 अप्रैल
पंचांग · श्रीनगर, 4 अप्रैल 2021
रविवार, 4 अप्रैल 2021 को श्रीनगर में सूर्योदय 06:14 और सूर्यास्त 18:54 पर है। तिथि कृष्ण अष्टमी 5 अप्रैल 02:59 तक, फिर कृष्ण नवमी; नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा 5 अप्रैल 02:06 तक, फिर उत्तराषाढ़ा; योग परिघ 18:43 तक, फिर शिव; करण बालव 15:32 तक, फिर कौलव। चंद्रमा धनु राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 17:19–18:54, अभिजित मुहूर्त 12:09–12:59। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / फाल्गुन (अमांत), विक्रम संवत 2077, शक संवत 1942।
इस दिन के बारे में प्रश्न
श्रीनगर में 4 अप्रैल 2021 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण अष्टमी 5 अप्रैल 02:59 तक, फिर कृष्ण नवमी (सूर्योदय 06:14, श्रीनगर)।
4 अप्रैल 2021 को कौन सा नक्षत्र है?
पूर्वाषाढ़ा 5 अप्रैल 02:06 तक, फिर उत्तराषाढ़ा। चंद्रमा धनु राशि में 5 अप्रैल 08:02 तक।
श्रीनगर में 4 अप्रैल 2021 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 17:19–18:54, यमगण्ड 12:34–14:09, गुलिक काल 15:44–17:19।
श्रीनगर में 4 अप्रैल 2021 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:14, सूर्यास्त 18:54, चंद्रोदय 01:26 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 अप्रैल 2021 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:09–12:59, ब्रह्म मुहूर्त 04:43–05:29। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
4 अप्रैल 2021 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
शीतला अष्टमी (बसोड़ा)।
श्रीनगर हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2021आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2021मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1540° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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