पंचांग · सोमवार, 2 अप्रैल 2001नई दिल्ली

चैत्र · शुक्ल नवमी · विक्रम संवत 2058राम नवमी

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
06:10सूर्योदय18:40सूर्यास्त
तिथि
शुक्ल नवमी
शुक्ल · 01:17, 3 अप्रैल तक
नक्षत्र
पुनर्वसु
18:40 तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
06:1018:40
सोमवार · चन्द्र
राहु काल
07:44 –09:18
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
06:10दिन18:40
अमृत
काल
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
अमृत काल
वर्ज्य
यमगंड
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
राहु काल
गुलिक काल
07:0009:0011:0013:0015:0017:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:40रात06:09
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
चर
गोधूलि मुहूर्त
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
वर्ज्य
21:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. शुक्ल नवमी
    01:17, 3 अप्रैल तक
  2. शुक्ल दशमी
    22:51, 3 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. पुनर्वसुस्वामी गुरु
    18:40 तक
  2. पुष्यस्वामी शनि
    17:04, 3 अप्रैल तक
योग
  1. अतिगण्ड
    15:00 तक
  2. सुकर्मा
    12:01, 3 अप्रैल तक
करण
  1. बालव
    14:23 तक
  2. कौलव
    01:17, 3 अप्रैल तक
  3. तैतिल
    12:07, 3 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
06:10
बिंब मध्य 06:14
सूर्यास्त
18:40
बिंब मध्य 18:35
चंद्रोदय
12:29
चंद्रास्त
01:48
दिनमान
12h 30m
वार
सोमवार · चन्द्र
चंद्र राशि
मिथुन
13:01 तक
सूर्य राशि
मीन

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
चैत्र
पक्ष
शुक्ल
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2058
शक संवत
1923

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:38 –05:24
  • प्रातः संध्या05:01 –06:10
  • अभिजित मुहूर्त12:00 –12:50
  • विजय मुहूर्त14:30 –15:20
  • गोधूलि मुहूर्त18:40 –19:03
  • सायाह्न संध्या18:40 –19:49
  • निशीथ मुहूर्त00:01 –00:47, 3 अप्रैल
  • अमृत काल16:24 –17:55
इन समयों से बचें
  • राहु काल07:44 –09:18
  • यमगंड10:51 –12:25
  • गुलिक काल13:59 –15:32
  • दुर्मुहूर्त12:50 –13:40
  • दुर्मुहूर्त15:20 –16:10
  • वर्ज्य07:18 –08:49
  • वर्ज्य02:08 –03:38, 3 अप्रैल

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • अमृतश्रेष्ठ06:10 – 07:44
  • कालहानि07:44 – 09:18
  • शुभशुभ09:18 – 10:51
  • रोगअनिष्ट10:51 – 12:25
  • उद्वेगअशुभ12:25 – 13:59
  • चरसम13:59 – 15:32
  • लाभलाभ15:32 – 17:06
  • अमृतश्रेष्ठ17:06 – 18:40
रात
  • चरसम18:40 – 20:06
  • रोगअनिष्ट20:06 – 21:32
  • कालहानि21:32 – 22:58
  • लाभलाभ22:58 – 00:24
  • उद्वेगअशुभ00:24 – 01:51
  • शुभशुभ01:51 – 03:17
  • अमृतश्रेष्ठ03:17 – 04:43
  • चरसम04:43 – 06:09

होरा

दिन
ग्रहसमय
चन्द्र06:10–07:13
शनि07:13–08:15
गुरु08:15–09:18
मंगल09:18–10:20
सूर्य10:20–11:23
शुक्र11:23–12:25
बुध12:25–13:27
चन्द्र13:27–14:30
शनि14:30–15:32
गुरु15:32–16:35
मंगल16:35–17:37
सूर्य17:37–18:40
रात
ग्रहसमय
शुक्र18:40–19:37
बुध19:37–20:35
चन्द्र20:35–21:32
शनि21:32–22:29
गुरु22:29–23:27
मंगल23:27–00:24
सूर्य00:24–01:22
शुक्र01:22–02:19
बुध02:19–03:17
चन्द्र03:17–04:14
शनि04:14–05:12
गुरु05:12–06:09

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • पुनर्वसु 2 पद07:21 तक
  • पुनर्वसु 3 पद13:01 तक
  • पुनर्वसु 4 पद18:40 तक
  • पुष्य 1 पद00:18, 3 अप्रैल तक
  • पुष्य 2 पद05:55, 3 अप्रैल तक
  • पुष्य 3 पद11:30, 3 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
रेवती 1 पद
ऋतु (दृक्)
वसंत
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 30m
रात्रिमान
11h 29m
मध्याह्न
12:25

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
मिथुन · 13:01 तक
मेषमिथुनसिंहकन्याधनुमकर
वृश्चिक राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
कर्क · अगले सूर्योदय तक
वृषभकर्ककन्यातुलामकरकुम्भ
धनु राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
पुनर्वसु · 18:40 तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
पुष्य · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
चंद्र वास
पश्चिम · 13:01 तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 01:17, 3 अप्रैल तकआकाश
शिववास
गौरी के साथ · 01:17, 3 अप्रैल तकसभा में
होमाहुति
शुक्र

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त06:10 –06:47
  • मृत्यु पंचक06:47 –08:22
  • अग्नि पंचक08:22 –10:17
  • शुभ मुहूर्त10:17 –12:32
  • राज पंचक12:32 –14:52
  • शुभ मुहूर्त14:52 –17:09
  • चोर पंचक17:09 –18:40
  • शुभ मुहूर्त18:40 –19:26
  • रोग पंचक19:26 –21:45
  • शुभ मुहूर्त21:45 –00:04, 3 अप्रैल
  • मृत्यु पंचक00:04 –01:17, 3 अप्रैल
  • अग्नि पंचक01:17 –02:08, 3 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त02:08 –03:50, 3 अप्रैल
  • राज पंचक03:50 –05:18, 3 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त05:18 –06:09, 3 अप्रैल

उदय लग्न

  • मीन05:22 –06:47
  • मेष06:47 –08:22
  • वृषभ08:22 –10:17
  • मिथुन10:17 –12:32
  • कर्क12:32 –14:52
  • सिंह14:52 –17:09
  • कन्या17:09 –19:26
  • तुला19:26 –21:45
  • वृश्चिक21:45 –00:04, 3 अप्रैल
  • धनु00:04 –02:08, 3 अप्रैल
  • मकर02:08 –03:50, 3 अप्रैल
  • कुम्भ03:50 –05:18, 3 अप्रैल
  • मीन05:18 –06:43, 3 अप्रैल

पंचांग · नई दिल्ली, 2 अप्रैल 2001

सोमवार, 2 अप्रैल 2001 को नई दिल्ली में सूर्योदय 06:10 और सूर्यास्त 18:40 पर है। तिथि शुक्ल नवमी 3 अप्रैल 01:17 तक, फिर शुक्ल दशमी; नक्षत्र पुनर्वसु 18:40 तक, फिर पुष्य; योग अतिगण्ड 15:00 तक, फिर सुकर्मा; करण बालव 14:23 तक, फिर कौलव। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 07:44–09:18, अभिजित मुहूर्त 12:00–12:50। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2058, शक संवत 1923।

इस दिन के बारे में प्रश्न

नई दिल्ली में 2 अप्रैल 2001 को कौन सी तिथि है?

शुक्ल नवमी 3 अप्रैल 01:17 तक, फिर शुक्ल दशमी (सूर्योदय 06:10, नई दिल्ली)।

2 अप्रैल 2001 को कौन सा नक्षत्र है?

पुनर्वसु 18:40 तक, फिर पुष्य। चंद्रमा मिथुन राशि में 13:01 तक।

नई दिल्ली में 2 अप्रैल 2001 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 07:44–09:18, यमगण्ड 10:51–12:25, गुलिक काल 13:59–15:32।

नई दिल्ली में 2 अप्रैल 2001 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 06:10, सूर्यास्त 18:40, चंद्रोदय 12:29 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

2 अप्रैल 2001 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 12:00–12:50, ब्रह्म मुहूर्त 04:38–05:24। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

2 अप्रैल 2001 को कौन सा व्रत या त्योहार है?

राम नवमी।

नई दिल्ली हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2001आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2001मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 23.8746° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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