पंचांग · बुधवार, 3 अक्टूबर 2029जयपुर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण दशमी14:31 तक
- कृष्ण एकादशी13:01, 4 अक्टू॰ तक
- पुष्यस्वामी शनि15:23 तक
- अश्लेषास्वामी बुध14:35, 4 अक्टू॰ तक
- सिद्ध03:03, 4 अक्टू॰ तक
- साध्य00:22, 5 अक्टू॰ तक
- विष्टि14:31 तक
- बव01:52, 4 अक्टू॰ तक
- बालव13:01, 4 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:20बिंब मध्य 06:24
- सूर्यास्त
- 18:11बिंब मध्य 18:07
- चंद्रोदय
- 01:23
- चंद्रास्त
- 14:55
- दिनमान
- 11h 51m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- कर्क14:35, 4 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- भाद्रपद
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वर्षा
- विक्रम संवत
- 2086
- शक संवत
- 1951
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:43 –05:32
- प्रातः संध्या05:07 –06:20
- अभिजित मुहूर्त11:52 –12:39
- विजय मुहूर्त14:14 –15:01
- गोधूलि मुहूर्त18:11 –18:35
- सायाह्न संध्या18:11 –19:24
- निशीथ मुहूर्त23:52 –00:40, 4 अक्टू॰
- अमृत काल08:59 –10:35
- राहु काल12:16 –13:44
- यमगंड07:49 –09:18
- गुलिक काल10:47 –12:16
- दुर्मुहूर्त11:52 –12:39
- वर्ज्य03:45 –05:18, 4 अक्टू॰
- गंड मूल15:23 –06:21, 4 अक्टू॰
- भद्रा06:20 –14:31
चौघड़िया
- लाभलाभ06:20 – 07:49
- अमृतश्रेष्ठ07:49 – 09:18
- कालहानि09:18 – 10:47
- शुभशुभ10:47 – 12:16
- रोगअनिष्ट12:16 – 13:44
- उद्वेगअशुभ13:44 – 15:13
- चरसम15:13 – 16:42
- लाभलाभ16:42 – 18:11
- उद्वेगअशुभ18:11 – 19:42
- शुभशुभ19:42 – 21:13
- अमृतश्रेष्ठ21:13 – 22:45
- चरसम22:45 – 00:16
- रोगअनिष्ट00:16 – 01:47
- कालहानि01:47 – 03:18
- लाभलाभ03:18 – 04:50
- उद्वेगअशुभ04:50 – 06:21
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 06:20–07:20 |
| चन्द्र | 07:20–08:19 |
| शनि | 08:19–09:18 |
| गुरु | 09:18–10:17 |
| मंगल | 10:17–11:16 |
| सूर्य | 11:16–12:16 |
| शुक्र | 12:16–13:15 |
| बुध | 13:15–14:14 |
| चन्द्र | 14:14–15:13 |
| शनि | 15:13–16:13 |
| गुरु | 16:13–17:12 |
| मंगल | 17:12–18:11 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 18:11–19:12 |
| शुक्र | 19:12–20:13 |
| बुध | 20:13–21:13 |
| चन्द्र | 21:13–22:14 |
| शनि | 22:14–23:15 |
| गुरु | 23:15–00:16 |
| मंगल | 00:16–01:17 |
| सूर्य | 01:17–02:18 |
| शुक्र | 02:18–03:18 |
| बुध | 03:18–04:19 |
| चन्द्र | 04:19–05:20 |
| शनि | 05:20–06:21 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- पुष्य 3 पद09:28 तक
- पुष्य 4 पद15:23 तक
- अश्लेषा 1 पद21:16 तक
- अश्लेषा 2 पद03:05, 4 अक्टू॰ तक
- अश्लेषा 3 पद08:51, 4 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- वर्षा
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 51m
- रात्रिमान
- 12h 10m
- मध्याह्न
- 12:16
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पाताल · 14:31 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- क्रीड़ा में · 14:31 तककैलाश पर
- होमाहुति
- राहु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:20 –07:27
- रोग पंचक07:27 –09:45
- शुभ मुहूर्त09:45 –12:03
- मृत्यु पंचक12:03 –14:07
- अग्नि पंचक14:07 –14:31
- शुभ मुहूर्त14:31 –15:23
- राज पंचक15:23 –15:51
- शुभ मुहूर्त15:51 –17:20
- चोर पंचक17:20 –18:47
- राज पंचक18:47 –20:24
- शुभ मुहूर्त20:24 –22:20
- चोर पंचक22:20 –00:34, 4 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त00:34 –02:53, 4 अक्टू॰
- रोग पंचक02:53 –05:09, 4 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त05:09 –06:21, 4 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या05:13 –07:27
- तुला07:27 –09:45
- वृश्चिक09:45 –12:03
- धनु12:03 –14:07
- मकर14:07 –15:51
- कुम्भ15:51 –17:20
- मीन17:20 –18:47
- मेष18:47 –20:24
- वृषभ20:24 –22:20
- मिथुन22:20 –00:34, 4 अक्टू॰
- कर्क00:34 –02:53, 4 अक्टू॰
- सिंह02:53 –05:09, 4 अक्टू॰
- कन्या05:09 –07:23, 4 अक्टू॰
पंचांग · जयपुर, 3 अक्टूबर 2029
बुधवार, 3 अक्टूबर 2029 को जयपुर में सूर्योदय 06:20 और सूर्यास्त 18:11 पर है। तिथि कृष्ण दशमी 14:31 तक, फिर कृष्ण एकादशी; नक्षत्र पुष्य 15:23 तक, फिर अश्लेषा; योग सिद्ध 4 अक्टूबर 03:03 तक, फिर साध्य; करण विष्टि 14:31 तक, फिर बव। चंद्रमा कर्क राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 12:16–13:44, अभिजित मुहूर्त 11:52–12:39। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / भाद्रपद (अमांत), विक्रम संवत 2086, शक संवत 1951।
इस दिन के बारे में प्रश्न
जयपुर में 3 अक्टूबर 2029 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण दशमी 14:31 तक, फिर कृष्ण एकादशी (सूर्योदय 06:20, जयपुर)।
3 अक्टूबर 2029 को कौन सा नक्षत्र है?
पुष्य 15:23 तक, फिर अश्लेषा। चंद्रमा कर्क राशि में 4 अक्टूबर 14:35 तक।
जयपुर में 3 अक्टूबर 2029 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 12:16–13:44, यमगण्ड 07:49–09:18, गुलिक काल 10:47–12:16।
जयपुर में 3 अक्टूबर 2029 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:20, सूर्यास्त 18:11, चंद्रोदय 01:23 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
3 अक्टूबर 2029 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:52–12:39, ब्रह्म मुहूर्त 04:43–05:32। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
जयपुर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2029आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2029मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2727° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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