पंचांग · सोमवार, 4 अप्रैल 2022जयपुर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल तृतीया13:55 तक
- शुक्ल चतुर्थी15:45, 5 अप्रैल तक
- भरणीस्वामी शुक्र14:28 तक
- कृत्तिकास्वामी सूर्य16:52, 5 अप्रैल तक
- विष्कुम्भ07:42 तक
- प्रीति07:59, 5 अप्रैल तक
- गर13:55 तक
- वणिज02:46, 5 अप्रैल तक
- विष्टि15:45, 5 अप्रैल तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:15बिंब मध्य 06:18
- सूर्यास्त
- 18:45बिंब मध्य 18:41
- चंद्रोदय
- 08:03
- चंद्रास्त
- 21:43
- दिनमान
- 12h 30m
- वार
- सोमवार · चन्द्र
- चंद्र राशि
- मेष21:01 तक
- सूर्य राशि
- मीन
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- चैत्र
- पूर्णिमांत मास
- चैत्र
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2079
- शक संवत
- 1944
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:43 –05:29
- प्रातः संध्या05:06 –06:15
- अभिजित मुहूर्त12:05 –12:55
- विजय मुहूर्त14:35 –15:25
- गोधूलि मुहूर्त18:45 –19:08
- सायाह्न संध्या18:45 –19:54
- निशीथ मुहूर्त00:07 –00:53, 5 अप्रैल
- अमृत काल09:18 –11:02
- राहु काल07:49 –09:22
- यमगंड10:56 –12:30
- गुलिक काल14:04 –15:38
- दुर्मुहूर्त12:55 –13:45
- दुर्मुहूर्त15:25 –16:15
- वर्ज्य03:40 –05:26, 5 अप्रैल
- भद्रा02:46 –06:14, 5 अप्रैल
चौघड़िया
- अमृतश्रेष्ठ06:15 – 07:49
- कालहानि07:49 – 09:22
- शुभशुभ09:22 – 10:56
- रोगअनिष्ट10:56 – 12:30
- उद्वेगअशुभ12:30 – 14:04
- चरसम14:04 – 15:38
- लाभलाभ15:38 – 17:12
- अमृतश्रेष्ठ17:12 – 18:45
- चरसम18:45 – 20:11
- रोगअनिष्ट20:11 – 21:38
- कालहानि21:38 – 23:04
- लाभलाभ23:04 – 00:30
- उद्वेगअशुभ00:30 – 01:56
- शुभशुभ01:56 – 03:22
- अमृतश्रेष्ठ03:22 – 04:48
- चरसम04:48 – 06:14
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 06:15–07:17 |
| शनि | 07:17–08:20 |
| गुरु | 08:20–09:22 |
| मंगल | 09:22–10:25 |
| सूर्य | 10:25–11:28 |
| शुक्र | 11:28–12:30 |
| बुध | 12:30–13:33 |
| चन्द्र | 13:33–14:35 |
| शनि | 14:35–15:38 |
| गुरु | 15:38–16:40 |
| मंगल | 16:40–17:43 |
| सूर्य | 17:43–18:45 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 18:45–19:43 |
| बुध | 19:43–20:40 |
| चन्द्र | 20:40–21:38 |
| शनि | 21:38–22:35 |
| गुरु | 22:35–23:32 |
| मंगल | 23:32–00:30 |
| सूर्य | 00:30–01:27 |
| शुक्र | 01:27–02:24 |
| बुध | 02:24–03:22 |
| चन्द्र | 03:22–04:19 |
| शनि | 04:19–05:16 |
| गुरु | 05:16–06:14 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- भरणी 3 पद07:57 तक
- भरणी 4 पद14:28 तक
- कृत्तिका 1 पद21:01 तक
- कृत्तिका 2 पद03:36, 5 अप्रैल तक
- कृत्तिका 3 पद10:13, 5 अप्रैल तक
- सूर्य नक्षत्र
- रेवती 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- वसंत
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 30m
- रात्रिमान
- 11h 29m
- मध्याह्न
- 12:30
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
- चंद्र वास
- पूर्व · 21:01 तकदक्षिण
- अग्निवास
- पाताल · 13:55 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- सभा में · 13:55 तकक्रीड़ा में
- होमाहुति
- सूर्य
पंचक रहित मुहूर्त
- मृत्यु पंचक06:15 –06:47
- रोग पंचक06:47 –08:24
- शुभ मुहूर्त08:24 –10:20
- मृत्यु पंचक10:20 –12:35
- अग्नि पंचक12:35 –13:55
- शुभ मुहूर्त13:55 –14:28
- राज पंचक14:28 –14:54
- शुभ मुहूर्त14:54 –17:09
- चोर पंचक17:09 –19:24
- शुभ मुहूर्त19:24 –21:42
- रोग पंचक21:42 –23:59
- शुभ मुहूर्त23:59 –02:04, 5 अप्रैल
- मृत्यु पंचक02:04 –03:47, 5 अप्रैल
- अग्नि पंचक03:47 –05:17, 5 अप्रैल
- शुभ मुहूर्त05:17 –06:14, 5 अप्रैल
उदय लग्न
- मीन05:20 –06:47
- मेष06:47 –08:24
- वृषभ08:24 –10:20
- मिथुन10:20 –12:35
- कर्क12:35 –14:54
- सिंह14:54 –17:09
- कन्या17:09 –19:24
- तुला19:24 –21:42
- वृश्चिक21:42 –23:59
- धनु23:59 –02:04, 5 अप्रैल
- मकर02:04 –03:47, 5 अप्रैल
- कुम्भ03:47 –05:17, 5 अप्रैल
- मीन05:17 –06:43, 5 अप्रैल
पंचांग · जयपुर, 4 अप्रैल 2022
सोमवार, 4 अप्रैल 2022 को जयपुर में सूर्योदय 06:15 और सूर्यास्त 18:45 पर है। तिथि शुक्ल तृतीया 13:55 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी; नक्षत्र भरणी 14:28 तक, फिर कृत्तिका; योग विष्कुम्भ 07:42 तक, फिर प्रीति; करण गर 13:55 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मेष राशि में, सूर्य मीन राशि में। राहुकाल 07:49–09:22, अभिजित मुहूर्त 12:05–12:55। मास चैत्र (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2079, शक संवत 1944।
इस दिन के बारे में प्रश्न
जयपुर में 4 अप्रैल 2022 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल तृतीया 13:55 तक, फिर शुक्ल चतुर्थी (सूर्योदय 06:15, जयपुर)।
4 अप्रैल 2022 को कौन सा नक्षत्र है?
भरणी 14:28 तक, फिर कृत्तिका। चंद्रमा मेष राशि में 21:01 तक।
जयपुर में 4 अप्रैल 2022 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 07:49–09:22, यमगण्ड 10:56–12:30, गुलिक काल 14:04–15:38।
जयपुर में 4 अप्रैल 2022 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:15, सूर्यास्त 18:45, चंद्रोदय 08:03 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 अप्रैल 2022 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 12:05–12:55, ब्रह्म मुहूर्त 04:43–05:29। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
जयपुर हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2022आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2022मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.1680° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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