राहुकाल · पुणे

शनिवार, 4 अगस्त 202906:1319:08

राहु काल

1 घं. 37 मि.
09:27 –11:04

दिन का राहु भाग: नया कार्य आरंभ न करें।

यमगंड

1 घं. 37 मि.
14:17 –15:54

दिन का यम भाग: यात्रा और नए आरंभ से बचें।

गुलिक काल

1 घं. 37 मि.
06:13 –07:50

दिन का गुलिक भाग: शुभ आरंभ से बचें।

दिनमान के आठ भाग

राहुकाल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवाँ भाग हैं, जो हर वार के लिए निश्चित खंड में आते हैं।

1
06:13
गुलिक काल
2
07:50
—
3
09:27
राहु काल
4
11:04
—
5
12:41
—
6
14:17
यमगंड
7
15:54
—
8
17:31
—

आज इनसे भी बचें

  • दुर्मुहूर्तवार का दुर्मुहूर्त: शुभ कार्य से बचें।06:13 –07:05
  • दुर्मुहूर्तवार का दुर्मुहूर्त: शुभ कार्य से बचें।07:05 –07:56
  • भद्राविष्टि करण: शुभ संस्कार न करें।20:51 –06:13, 5 अग॰

पुणे के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

राहुकाल

राहुकाल दिनमान का वह आठवाँ भाग है जिसका स्वामी राहु है और जो हर वार के लिए निश्चित है; इसमें कोई नया कार्य आरंभ नहीं किया जाता। यमगंड और गुलिक काल यम और गुलिक के भाग हैं। दुर्मुहूर्त और वर्ज्य दिन के अन्य अशुभ समय हैं।

राहुकाल — प्रश्न और उत्तर

राहुकाल क्या है?

राहुकाल दिनमान का वह आठवाँ भाग है जिसका स्वामी राहु है और जो हर वार के लिए निश्चित है; इसमें कोई नया कार्य आरंभ नहीं किया जाता। यमगंड और गुलिक काल यम और गुलिक के भाग हैं। दुर्मुहूर्त और वर्ज्य दिन के अन्य अशुभ समय हैं।

पुणे में 4 अगस्त 2029 का राहुकाल क्या है?

राहुकाल 09:27–11:04, यमगण्ड 14:17–15:54, गुलिक काल 06:13–07:50; साथ में दुर्मुहूर्त और वर्ज्य।

राहुकाल — अन्य शहर