पंचक रहित मुहूर्त · बेंगलुरु

शुक्रवार, 20 सितंबर 203006:0918:17

पंचक रहित मुहूर्त: तिथि, वार, नक्षत्र और लग्न का योग नौ से भाग देने पर शेष बचता है। शेष 1 मृत्यु, 2 अग्नि, 4 राज, 6 चोर और 8 रोग पंचक है, जो वर्जित हैं; बाकी शुभ हैं।
  • राज पंचक06:09 –08:02
  • शुभ मुहूर्त08:02 –09:35
  • चोर पंचक09:35 –10:08
  • शुभ मुहूर्त10:08 –12:20
  • रोग पंचक12:20 –14:27
  • शुभ मुहूर्त14:27 –14:39
  • मृत्यु पंचक14:39 –16:21
  • अग्नि पंचक16:21 –18:02
  • शुभ मुहूर्त18:02 –19:42
  • मृत्यु पंचक19:42 –21:30
  • अग्नि पंचक21:30 –23:33
  • शुभ मुहूर्त23:33 –01:44, 21 सित॰
  • राज पंचक01:44, 21 सित॰ –03:53, 21 सित॰
  • शुभ मुहूर्त03:53, 21 सित॰ –05:56, 21 सित॰
  • चोर पंचक05:56, 21 सित॰ –06:09, 21 सित॰

बेंगलुरु के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

पंचक रहित मुहूर्त

पंचक रहित मुहूर्त में तिथि, वार, नक्षत्र और लग्न का योग करके नौ से भाग दिया जाता है। शेष 1, 2, 4, 6 या 8 होने पर क्रमशः मृत्यु, अग्नि, राज, चोर या रोग पंचक बनता है, जो वर्जित है; अन्य शेष शुभ है। दक्षिण भारतीय पंचांग मुहूर्त को परिष्कृत करने के लिए इसका उपयोग करते हैं।

पंचक रहित मुहूर्त — प्रश्न और उत्तर

पंचक रहित मुहूर्त क्या है?

पंचक रहित मुहूर्त में तिथि, वार, नक्षत्र और लग्न का योग करके नौ से भाग दिया जाता है। शेष 1, 2, 4, 6 या 8 होने पर क्रमशः मृत्यु, अग्नि, राज, चोर या रोग पंचक बनता है, जो वर्जित है; अन्य शेष शुभ है। दक्षिण भारतीय पंचांग मुहूर्त को परिष्कृत करने के लिए इसका उपयोग करते हैं।

बेंगलुरु में 20 सितंबर 2030 का पंचक रहित मुहूर्त क्या है?

सूर्योदय 06:09, सूर्यास्त 18:17।

पंचक रहित मुहूर्त — अन्य शहर