शुभ होरा · वाराणसी

बुधवार, 11 सितंबर 203005:4218:07

दिनसूर्योदय से · 05:42
ग्रहसमय
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद05:42 –06:44
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य06:44 –07:46
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें07:46 –08:49
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ08:49 –09:51
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें09:51 –10:53
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि10:53 –11:55
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद11:55 –12:57
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद12:57 –13:59
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य13:59 –15:01
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें15:01 –16:03
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ16:03 –17:05
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें17:05 –18:07
रातसूर्यास्त से · 18:07
ग्रहसमय
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि18:07 –19:05
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद19:05 –20:03
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद20:03 –21:01
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य21:01 –21:59
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें21:59 –22:57
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ22:57 –23:55
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें23:55 –00:53, 12 सित॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि00:53, 12 सित॰ –01:51, 12 सित॰
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद01:51, 12 सित॰ –02:49, 12 सित॰
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद02:49, 12 सित॰ –03:47, 12 सित॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य03:47, 12 सित॰ –04:45, 12 सित॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें04:45, 12 सित॰ –05:43, 12 सित॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 11 सितंबर 2030 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 05:42 पर पहली होरा बुध की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर