शुभ होरा · वाराणसी

मंगलवार, 6 अक्टूबर 202605:5217:40

दिनसूर्योदय से · 05:52
ग्रहसमय
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें05:52 –06:51
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि06:51 –07:50
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद07:50 –08:49
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद08:49 –09:48
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य09:48 –10:47
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें10:47 –11:46
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ11:46 –12:45
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें12:45 –13:44
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि13:44 –14:43
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद14:43 –15:42
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद15:42 –16:41
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य16:41 –17:40
रातसूर्यास्त से · 17:40
ग्रहसमय
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें17:40 –18:41
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ18:41 –19:42
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें19:42 –20:43
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि20:43 –21:44
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद21:44 –22:45
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद22:45 –23:46
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य23:46 –00:47, 7 अक्टू॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें00:47, 7 अक्टू॰ –01:48, 7 अक्टू॰
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ01:48, 7 अक्टू॰ –02:49, 7 अक्टू॰
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें02:49, 7 अक्टू॰ –03:51, 7 अक्टू॰
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि03:51, 7 अक्टू॰ –04:52, 7 अक्टू॰
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद04:52, 7 अक्टू॰ –05:53, 7 अक्टू॰

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

वाराणसी में 6 अक्टूबर 2026 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 05:52 पर पहली होरा मंगल की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर