शुभ होरा · अयोध्या

सोमवार, 4 अक्टूबर 202705:5517:45

दिनसूर्योदय से · 05:55
ग्रहसमय
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य05:55 –06:54
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें06:54 –07:53
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ07:53 –08:52
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें08:52 –09:52
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि09:52 –10:51
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद10:51 –11:50
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद11:50 –12:49
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य12:49 –13:48
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें13:48 –14:47
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ14:47 –15:47
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें15:47 –16:46
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि16:46 –17:45
रातसूर्यास्त से · 17:45
ग्रहसमय
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद17:45 –18:46
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद18:46 –19:47
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य19:47 –20:48
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें20:48 –21:48
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ21:48 –22:49
मंगलअशुभभूमि-भवन, साहस, खेल — समझौते और नए उद्यम से बचें22:49 –23:50
सूर्यसमसरकारी कार्य, अधिकारियों से मिलना, औषधि23:50 –00:51, 5 अक्टू॰
शुक्रशुभप्रेम, कला, संगीत, वस्त्र और आभूषण की खरीद00:51, 5 अक्टू॰ –01:52, 5 अक्टू॰
बुधशुभअध्ययन, लेखन, हिसाब-किताब, संवाद01:52, 5 अक्टू॰ –02:53, 5 अक्टू॰
चन्द्रशुभयात्रा, व्यापार, लोगों से मिलना, जनसंपर्क के सभी कार्य02:53, 5 अक्टू॰ –03:54, 5 अक्टू॰
शनिअशुभश्रम, मरम्मत और पुराने कर्ज़ — नए आरंभ से बचें03:54, 5 अक्टू॰ –04:54, 5 अक्टू॰
गुरुशुभविवाह वार्ता, धार्मिक कार्य, विद्या, हर शुभ आरंभ04:54, 5 अक्टू॰ –05:55, 5 अक्टू॰

अयोध्या के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

शुभ होरा

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

शुभ होरा — प्रश्न और उत्तर

शुभ होरा क्या है?

होरा दिन या रात का बारहवाँ भाग है, जिसके स्वामी क्रम से सात ग्रह होते हैं; दिन की पहली होरा वार के स्वामी की होती है। कार्य के अनुकूल ग्रह की होरा चुनें: शुभ कार्य के लिए गुरु और शुक्र, अध्ययन और व्यापार के लिए बुध, यात्रा के लिए चंद्र।

अयोध्या में 4 अक्टूबर 2027 की शुभ होरा क्या है?

सूर्योदय 05:55 पर पहली होरा चंद्र की; दिन और रात की 24 होराएँ और हर होरा किस कार्य के लिए शुभ है।

शुभ होरा — अन्य शहर