पंचांग · सोमवार, 4 अक्टूबर 2027अयोध्या
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल पंचमी01:36, 5 अक्टू॰ तक
- शुक्ल षष्ठी02:33, 6 अक्टू॰ तक
- अनुराधास्वामी शनि00:43, 5 अक्टू॰ तक
- ज्येष्ठास्वामी बुध02:14, 6 अक्टू॰ तक
- प्रीति12:24 तक
- आयुष्मान्11:42, 5 अक्टू॰ तक
- बव13:26 तक
- बालव01:36, 5 अक्टू॰ तक
- कौलव13:59, 5 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:55बिंब मध्य 05:58
- सूर्यास्त
- 17:45बिंब मध्य 17:41
- चंद्रोदय
- 10:06
- चंद्रास्त
- 20:36
- दिनमान
- 11h 50m
- वार
- सोमवार · चन्द्र
- चंद्र राशि
- वृश्चिक02:14, 6 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2084
- शक संवत
- 1949
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:18 –05:06
- प्रातः संध्या04:42 –05:55
- अभिजित मुहूर्त11:26 –12:14
- विजय मुहूर्त13:48 –14:36
- गोधूलि मुहूर्त17:45 –18:09
- सायाह्न संध्या17:45 –18:58
- निशीथ मुहूर्त23:26 –00:14, 5 अक्टू॰
- अमृत काल14:00 –15:39
- राहु काल07:24 –08:52
- यमगंड10:21 –11:50
- गुलिक काल13:19 –14:47
- दुर्मुहूर्त12:14 –13:01
- दुर्मुहूर्त14:36 –15:23
- गंड मूल00:43 –05:55, 5 अक्टू॰
चौघड़िया
- अमृतश्रेष्ठ05:55 – 07:24
- कालहानि07:24 – 08:52
- शुभशुभ08:52 – 10:21
- रोगअनिष्ट10:21 – 11:50
- उद्वेगअशुभ11:50 – 13:19
- चरसम13:19 – 14:47
- लाभलाभ14:47 – 16:16
- अमृतश्रेष्ठ16:16 – 17:45
- चरसम17:45 – 19:16
- रोगअनिष्ट19:16 – 20:48
- कालहानि20:48 – 22:19
- लाभलाभ22:19 – 23:50
- उद्वेगअशुभ23:50 – 01:21
- शुभशुभ01:21 – 02:53
- अमृतश्रेष्ठ02:53 – 04:24
- चरसम04:24 – 05:55
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 05:55–06:54 |
| शनि | 06:54–07:53 |
| गुरु | 07:53–08:52 |
| मंगल | 08:52–09:52 |
| सूर्य | 09:52–10:51 |
| शुक्र | 10:51–11:50 |
| बुध | 11:50–12:49 |
| चन्द्र | 12:49–13:48 |
| शनि | 13:48–14:47 |
| गुरु | 14:47–15:47 |
| मंगल | 15:47–16:46 |
| सूर्य | 16:46–17:45 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 17:45–18:46 |
| बुध | 18:46–19:47 |
| चन्द्र | 19:47–20:48 |
| शनि | 20:48–21:48 |
| गुरु | 21:48–22:49 |
| मंगल | 22:49–23:50 |
| सूर्य | 23:50–00:51 |
| शुक्र | 00:51–01:52 |
| बुध | 01:52–02:53 |
| चन्द्र | 02:53–03:54 |
| शनि | 03:54–04:54 |
| गुरु | 04:54–05:55 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- अनुराधा 1 पद06:06 तक
- अनुराधा 2 पद12:15 तक
- अनुराधा 3 पद18:28 तक
- अनुराधा 4 पद00:43, 5 अक्टू॰ तक
- ज्येष्ठा 1 पद07:02, 5 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- हस्त 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 50m
- रात्रिमान
- 12h 10m
- मध्याह्न
- 11:50
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पूर्वइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- वायव्य (उत्तर-पश्चिम)
- चंद्र वास
- उत्तर
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 01:36, 5 अक्टू॰ तकआकाश
- शिववास
- कैलाश पर · 01:36, 5 अक्टू॰ तकनंदी पर
- होमाहुति
- बुध
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:55 –07:00
- राज पंचक07:00 –09:17
- शुभ मुहूर्त09:17 –11:35
- चोर पंचक11:35 –13:39
- शुभ मुहूर्त13:39 –15:23
- रोग पंचक15:23 –16:52
- शुभ मुहूर्त16:52 –19:56
- रोग पंचक19:56 –21:53
- शुभ मुहूर्त21:53 –00:07, 5 अक्टू॰
- मृत्यु पंचक00:07 –00:43, 5 अक्टू॰
- अग्नि पंचक00:43 –01:36, 5 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त01:36 –02:26, 5 अक्टू॰
- राज पंचक02:26 –04:41, 5 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:41 –05:55, 5 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:45 –07:00
- तुला07:00 –09:17
- वृश्चिक09:17 –11:35
- धनु11:35 –13:39
- मकर13:39 –15:23
- कुम्भ15:23 –16:52
- मीन16:52 –18:19
- मेष18:19 –19:56
- वृषभ19:56 –21:53
- मिथुन21:53 –00:07, 5 अक्टू॰
- कर्क00:07 –02:26, 5 अक्टू॰
- सिंह02:26 –04:41, 5 अक्टू॰
- कन्या04:41 –06:56, 5 अक्टू॰
पंचांग · अयोध्या, 4 अक्टूबर 2027
सोमवार, 4 अक्टूबर 2027 को अयोध्या में सूर्योदय 05:55 और सूर्यास्त 17:45 पर है। तिथि शुक्ल पंचमी 5 अक्टूबर 01:36 तक, फिर शुक्ल षष्ठी; नक्षत्र अनुराधा 5 अक्टूबर 00:43 तक, फिर ज्येष्ठा; योग प्रीति 12:24 तक, फिर आयुष्मान्; करण बव 13:26 तक, फिर बालव। चंद्रमा वृश्चिक राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 07:24–08:52, अभिजित मुहूर्त 11:26–12:14। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949।
इस दिन के बारे में प्रश्न
अयोध्या में 4 अक्टूबर 2027 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल पंचमी 5 अक्टूबर 01:36 तक, फिर शुक्ल षष्ठी (सूर्योदय 05:55, अयोध्या)।
4 अक्टूबर 2027 को कौन सा नक्षत्र है?
अनुराधा 5 अक्टूबर 00:43 तक, फिर ज्येष्ठा। चंद्रमा वृश्चिक राशि में 6 अक्टूबर 02:14 तक।
अयोध्या में 4 अक्टूबर 2027 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 07:24–08:52, यमगण्ड 10:21–11:50, गुलिक काल 13:19–14:47।
अयोध्या में 4 अक्टूबर 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:55, सूर्यास्त 17:45, चंद्रोदय 10:06 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
4 अक्टूबर 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:26–12:14, ब्रह्म मुहूर्त 04:18–05:06। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
अयोध्या हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2448° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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