गौरी पंचांगम · वाराणसी

रविवार, 14 अप्रैल 203005:3718:20

दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:37
  • उथिशुभ05:37 –07:12
  • अमिर्दाश्रेष्ठ07:12 –08:48
  • रोगम्अनिष्ट08:48 –10:23
  • लाभम्लाभ10:23 –11:59
  • धनम्धन11:59 –13:34
  • सुगम्शुभ13:34 –15:10
  • सोरम्अशुभ15:10 –16:45
  • विषम्अशुभ16:45 –18:20राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:20
  • धनम्धन18:20 –19:45
  • सुगम्शुभ19:45 –21:09
  • सोरम्अशुभ21:09 –22:34
  • विषम्अशुभ22:34 –23:58
  • उथिशुभ23:58 –01:23, 15 अप्रैल
  • अमिर्दाश्रेष्ठ01:23, 15 अप्रैल –02:47, 15 अप्रैल
  • रोगम्अनिष्ट02:47, 15 अप्रैल –04:11, 15 अप्रैल
  • लाभम्लाभ04:11, 15 अप्रैल –05:36, 15 अप्रैल

वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

गौरी पंचांगम

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर

गौरी पंचांगम क्या है?

तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।

वाराणसी में 14 अप्रैल 2030 का गौरी पंचांगम क्या है?

सूर्योदय 05:37, सूर्यास्त 18:20।

गौरी पंचांगम — अन्य शहर