गौरी पंचांगम · वाराणसी
रविवार, 17 मार्च 203006:0618:08
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:06
- उथिशुभ06:06 –07:36
- अमिर्दाश्रेष्ठ07:36 –09:06
- रोगम्अनिष्ट09:06 –10:36
- लाभम्लाभ10:36 –12:07
- धनम्धन12:07 –13:37
- सुगम्शुभ13:37 –15:07
- सोरम्अशुभ15:07 –16:38
- विषम्अशुभ16:38 –18:08राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:08
- धनम्धन18:08 –19:37
- सुगम्शुभ19:37 –21:07
- सोरम्अशुभ21:07 –22:37
- विषम्अशुभ22:37 –00:06, 18 मार्च
- उथिशुभ00:06, 18 मार्च –01:36, 18 मार्च
- अमिर्दाश्रेष्ठ01:36, 18 मार्च –03:05, 18 मार्च
- रोगम्अनिष्ट03:05, 18 मार्च –04:35, 18 मार्च
- लाभम्लाभ04:35, 18 मार्च –06:04, 18 मार्च
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 17 मार्च 2030 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:06, सूर्यास्त 18:08।