गौरी पंचांगम · वाराणसी
रविवार, 4 फ़रवरी 202906:4017:45
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:40
- उथिशुभ06:40 –08:03
- अमिर्दाश्रेष्ठ08:03 –09:26
- रोगम्अनिष्ट09:26 –10:49
- लाभम्लाभ10:49 –12:12
- धनम्धन12:12 –13:35
- सुगम्शुभ13:35 –14:58
- सोरम्अशुभ14:58 –16:22
- विषम्अशुभ16:22 –17:45राहुकाल
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:45
- धनम्धन17:45 –19:21
- सुगम्शुभ19:21 –20:58
- सोरम्अशुभ20:58 –22:35
- विषम्अशुभ22:35 –00:12, 5 फ़र॰
- उथिशुभ00:12, 5 फ़र॰ –01:49, 5 फ़र॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ01:49, 5 फ़र॰ –03:25, 5 फ़र॰
- रोगम्अनिष्ट03:25, 5 फ़र॰ –05:02, 5 फ़र॰
- लाभम्लाभ05:02, 5 फ़र॰ –06:39, 5 फ़र॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 4 फ़रवरी 2029 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:40, सूर्यास्त 17:45।