गौरी पंचांगम · वाराणसी
शुक्रवार, 16 अक्टूबर 202605:5717:30
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:57
- सुगम्शुभ05:57 –07:24
- सोरम्अशुभ07:24 –08:50
- उथिशुभ08:50 –10:17
- विषम्अशुभ10:17 –11:44राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ11:44 –13:10
- रोगम्अनिष्ट13:10 –14:37
- लाभम्लाभ14:37 –16:04
- धनम्धन16:04 –17:30
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:30
- रोगम्अनिष्ट17:30 –19:04
- लाभम्लाभ19:04 –20:37
- धनम्धन20:37 –22:10
- सुगम्शुभ22:10 –23:44
- सोरम्अशुभ23:44 –01:17, 17 अक्टू॰
- उथिशुभ01:17, 17 अक्टू॰ –02:51, 17 अक्टू॰
- विषम्अशुभ02:51, 17 अक्टू॰ –04:24, 17 अक्टू॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ04:24, 17 अक्टू॰ –05:57, 17 अक्टू॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 16 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:57, सूर्यास्त 17:30।