गौरी पंचांगम · वाराणसी
गुरुवार, 17 सितंबर 202605:4518:00
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:45
- धनम्धन05:45 –07:17
- सुगम्शुभ07:17 –08:49
- सोरम्अशुभ08:49 –10:21
- उथिशुभ10:21 –11:53
- अमिर्दाश्रेष्ठ11:53 –13:24
- विषम्अशुभ13:24 –14:56राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट14:56 –16:28
- लाभम्लाभ16:28 –18:00
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:00
- अमिर्दाश्रेष्ठ18:00 –19:28
- विषम्अशुभ19:28 –20:57
- रोगम्अनिष्ट20:57 –22:25
- लाभम्लाभ22:25 –23:53
- धनम्धन23:53 –01:21, 18 सित॰
- सुगम्शुभ01:21, 18 सित॰ –02:49, 18 सित॰
- सोरम्अशुभ02:49, 18 सित॰ –04:17, 18 सित॰
- उथिशुभ04:17, 18 सित॰ –05:45, 18 सित॰
वाराणसी के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वाराणसी में 17 सितंबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:45, सूर्यास्त 18:00।