गौरी पंचांगम · वडोदरा
सोमवार, 4 अक्टूबर 202706:2918:22
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:29
- अमिर्दाश्रेष्ठ06:29 –07:59
- विषम्अशुभ07:59 –09:28राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट09:28 –10:57
- लाभम्लाभ10:57 –12:26
- धनम्धन12:26 –13:55
- सुगम्शुभ13:55 –15:24
- सोरम्अशुभ15:24 –16:53
- उथिशुभ16:53 –18:22
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:22
- सुगम्शुभ18:22 –19:53
- सोरम्अशुभ19:53 –21:24
- उथिशुभ21:24 –22:55
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:55 –00:26, 5 अक्टू॰
- विषम्अशुभ00:26, 5 अक्टू॰ –01:57, 5 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट01:57, 5 अक्टू॰ –03:28, 5 अक्टू॰
- लाभम्लाभ03:28, 5 अक्टू॰ –04:59, 5 अक्टू॰
- धनम्धन04:59, 5 अक्टू॰ –06:30, 5 अक्टू॰
वडोदरा के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
वडोदरा में 4 अक्टूबर 2027 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:29, सूर्यास्त 18:22।