गौरी पंचांगम · श्रीनगर
शनिवार, 4 सितंबर 202706:0618:53
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:06
- सोरम्अशुभ06:06 –07:42
- उथिशुभ07:42 –09:18
- विषम्अशुभ09:18 –10:54राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ10:54 –12:30
- रोगम्अनिष्ट12:30 –14:06
- लाभम्लाभ14:06 –15:42
- धनम्धन15:42 –17:17
- सुगम्शुभ17:17 –18:53
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:53
- लाभम्लाभ18:53 –20:18
- धनम्धन20:18 –21:42
- सुगम्शुभ21:42 –23:06
- सोरम्अशुभ23:06 –00:30, 5 सित॰
- उथिशुभ00:30, 5 सित॰ –01:54, 5 सित॰
- विषम्अशुभ01:54, 5 सित॰ –03:18, 5 सित॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ03:18, 5 सित॰ –04:43, 5 सित॰
- सोरम्अशुभ04:43, 5 सित॰ –06:07, 5 सित॰
श्रीनगर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
श्रीनगर में 4 सितंबर 2027 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:06, सूर्यास्त 18:53।