गौरी पंचांगम · नासिक
सोमवार, 18 अक्टूबर 202706:3018:09
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:30
- अमिर्दाश्रेष्ठ06:30 –07:58
- विषम्अशुभ07:58 –09:25राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट09:25 –10:53
- लाभम्लाभ10:53 –12:20
- धनम्धन12:20 –13:47
- सुगम्शुभ13:47 –15:15
- सोरम्अशुभ15:15 –16:42
- उथिशुभ16:42 –18:09
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:09
- सुगम्शुभ18:09 –19:42
- सोरम्अशुभ19:42 –21:15
- उथिशुभ21:15 –22:47
- अमिर्दाश्रेष्ठ22:47 –00:20, 19 अक्टू॰
- विषम्अशुभ00:20, 19 अक्टू॰ –01:53, 19 अक्टू॰
- रोगम्अनिष्ट01:53, 19 अक्टू॰ –03:25, 19 अक्टू॰
- लाभम्लाभ03:25, 19 अक्टू॰ –04:58, 19 अक्टू॰
- धनम्धन04:58, 19 अक्टू॰ –06:31, 19 अक्टू॰
नासिक के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
नासिक में 18 अक्टूबर 2027 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:30, सूर्यास्त 18:09।