गौरी पंचांगम · जम्मू
शनिवार, 17 अक्टूबर 202606:3617:56
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:36
- सोरम्अशुभ06:36 –08:01
- उथिशुभ08:01 –09:26
- विषम्अशुभ09:26 –10:51राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ10:51 –12:16
- रोगम्अनिष्ट12:16 –13:41
- लाभम्लाभ13:41 –15:06
- धनम्धन15:06 –16:31
- सुगम्शुभ16:31 –17:56
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:56
- लाभम्लाभ17:56 –19:31
- धनम्धन19:31 –21:06
- सुगम्शुभ21:06 –22:41
- सोरम्अशुभ22:41 –00:16, 18 अक्टू॰
- उथिशुभ00:16, 18 अक्टू॰ –01:51, 18 अक्टू॰
- विषम्अशुभ01:51, 18 अक्टू॰ –03:26, 18 अक्टू॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ03:26, 18 अक्टू॰ –05:01, 18 अक्टू॰
- सोरम्अशुभ05:01, 18 अक्टू॰ –06:37, 18 अक्टू॰
जम्मू के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जम्मू में 17 अक्टूबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:36, सूर्यास्त 17:56।