गौरी पंचांगम · जयपुर
शनिवार, 4 मार्च 202806:4818:30
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:48
- सोरम्अशुभ06:48 –08:15
- उथिशुभ08:15 –09:43
- विषम्अशुभ09:43 –11:11राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ11:11 –12:39
- रोगम्अनिष्ट12:39 –14:06
- लाभम्लाभ14:06 –15:34
- धनम्धन15:34 –17:02
- सुगम्शुभ17:02 –18:30
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:30
- लाभम्लाभ18:30 –20:02
- धनम्धन20:02 –21:34
- सुगम्शुभ21:34 –23:06
- सोरम्अशुभ23:06 –00:38, 5 मार्च
- उथिशुभ00:38, 5 मार्च –02:10, 5 मार्च
- विषम्अशुभ02:10, 5 मार्च –03:42, 5 मार्च
- अमिर्दाश्रेष्ठ03:42, 5 मार्च –05:14, 5 मार्च
- सोरम्अशुभ05:14, 5 मार्च –06:47, 5 मार्च
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 4 मार्च 2028 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:48, सूर्यास्त 18:30।