गौरी पंचांगम · जयपुर
शुक्रवार, 11 अक्टूबर 202406:2418:02
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:24
- सुगम्शुभ06:24 –07:52
- सोरम्अशुभ07:52 –09:19
- उथिशुभ09:19 –10:46
- विषम्अशुभ10:46 –12:13राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ12:13 –13:41
- रोगम्अनिष्ट13:41 –15:08
- लाभम्लाभ15:08 –16:35
- धनम्धन16:35 –18:02
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:02
- रोगम्अनिष्ट18:02 –19:35
- लाभम्लाभ19:35 –21:08
- धनम्धन21:08 –22:41
- सुगम्शुभ22:41 –00:14, 12 अक्टू॰
- सोरम्अशुभ00:14, 12 अक्टू॰ –01:46, 12 अक्टू॰
- उथिशुभ01:46, 12 अक्टू॰ –03:19, 12 अक्टू॰
- विषम्अशुभ03:19, 12 अक्टू॰ –04:52, 12 अक्टू॰
- अमिर्दाश्रेष्ठ04:52, 12 अक्टू॰ –06:25, 12 अक्टू॰
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 11 अक्टूबर 2024 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:24, सूर्यास्त 18:02।