पंचांग · शुक्रवार, 11 अक्टूबर 2024जयपुर
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- शुक्ल अष्टमी12:07 तक
- शुक्ल नवमी10:59, 12 अक्टू॰ तक
- उत्तराषाढ़ास्वामी सूर्य05:25, 12 अक्टू॰ तक
- श्रवणस्वामी चन्द्र04:27, 13 अक्टू॰ तक
- सुकर्मा02:46, 12 अक्टू॰ तक
- धृति00:21, 13 अक्टू॰ तक
- बव12:07 तक
- बालव23:38 तक
- कौलव10:59, 12 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 06:24बिंब मध्य 06:28
- सूर्यास्त
- 18:02बिंब मध्य 17:58
- चंद्रोदय
- 13:56
- चंद्रास्त
- —
- दिनमान
- 11h 38m
- वार
- शुक्रवार · शुक्र
- चंद्र राशि
- धनु11:41 तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- आश्विन
- पक्ष
- शुक्ल
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2081
- शक संवत
- 1946
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:46 –05:35
- प्रातः संध्या05:10 –06:24
- अभिजित मुहूर्त11:50 –12:37
- विजय मुहूर्त14:10 –14:56
- गोधूलि मुहूर्त18:02 –18:27
- सायाह्न संध्या18:02 –19:17
- निशीथ मुहूर्त23:49 –00:38, 12 अक्टू॰
- अमृत काल23:05 –00:40, 12 अक्टू॰
- राहु काल10:46 –12:13
- यमगंड15:08 –16:35
- गुलिक काल07:52 –09:19
- दुर्मुहूर्त08:44 –09:30
- दुर्मुहूर्त12:37 –13:23
- वर्ज्य13:36 –15:11
चौघड़िया
- चरसम06:24 – 07:52
- लाभलाभ07:52 – 09:19
- अमृतश्रेष्ठ09:19 – 10:46
- कालहानि10:46 – 12:13
- शुभशुभ12:13 – 13:41
- रोगअनिष्ट13:41 – 15:08
- उद्वेगअशुभ15:08 – 16:35
- चरसम16:35 – 18:02
- रोगअनिष्ट18:02 – 19:35
- कालहानि19:35 – 21:08
- लाभलाभ21:08 – 22:41
- उद्वेगअशुभ22:41 – 00:14
- शुभशुभ00:14 – 01:46
- अमृतश्रेष्ठ01:46 – 03:19
- चरसम03:19 – 04:52
- रोगअनिष्ट04:52 – 06:25
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| शुक्र | 06:24–07:23 |
| बुध | 07:23–08:21 |
| चन्द्र | 08:21–09:19 |
| शनि | 09:19–10:17 |
| गुरु | 10:17–11:15 |
| मंगल | 11:15–12:13 |
| सूर्य | 12:13–13:11 |
| शुक्र | 13:11–14:10 |
| बुध | 14:10–15:08 |
| चन्द्र | 15:08–16:06 |
| शनि | 16:06–17:04 |
| गुरु | 17:04–18:02 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| मंगल | 18:02–19:04 |
| सूर्य | 19:04–20:06 |
| शुक्र | 20:06–21:08 |
| बुध | 21:08–22:10 |
| चन्द्र | 22:10–23:12 |
| शनि | 23:12–00:14 |
| गुरु | 00:14–01:15 |
| मंगल | 01:15–02:17 |
| सूर्य | 02:17–03:19 |
| शुक्र | 03:19–04:21 |
| बुध | 04:21–05:23 |
| चन्द्र | 05:23–06:25 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- उत्तराषाढ़ा 1 पद11:41 तक
- उत्तराषाढ़ा 2 पद17:38 तक
- उत्तराषाढ़ा 3 पद23:33 तक
- उत्तराषाढ़ा 4 पद05:25, 12 अक्टू॰ तक
- श्रवण 1 पद11:14, 12 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 38m
- रात्रिमान
- 12h 23m
- मध्याह्न
- 12:13
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- पश्चिमइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- आग्नेय (दक्षिण-पूर्व)
- चंद्र वास
- पूर्व · 11:41 तकदक्षिण
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 12:07 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- श्मशान में · 12:07 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- शुक्र
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त06:24 –06:55
- चोर पंचक06:55 –09:13
- शुभ मुहूर्त09:13 –11:30
- रोग पंचक11:30 –12:07
- शुभ मुहूर्त12:07 –13:35
- मृत्यु पंचक13:35 –15:18
- अग्नि पंचक15:18 –16:48
- शुभ मुहूर्त16:48 –18:14
- मृत्यु पंचक18:14 –19:51
- अग्नि पंचक19:51 –21:48
- शुभ मुहूर्त21:48 –00:02, 12 अक्टू॰
- राज पंचक00:02 –02:21, 12 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त02:21 –04:36, 12 अक्टू॰
- चोर पंचक04:36 –05:25, 12 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त05:25 –06:25, 12 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या04:40 –06:55
- तुला06:55 –09:13
- वृश्चिक09:13 –11:30
- धनु11:30 –13:35
- मकर13:35 –15:18
- कुम्भ15:18 –16:48
- मीन16:48 –18:14
- मेष18:14 –19:51
- वृषभ19:51 –21:48
- मिथुन21:48 –00:02, 12 अक्टू॰
- कर्क00:02 –02:21, 12 अक्टू॰
- सिंह02:21 –04:36, 12 अक्टू॰
- कन्या04:36 –06:51, 12 अक्टू॰
पंचांग · जयपुर, 11 अक्टूबर 2024
शुक्रवार, 11 अक्टूबर 2024 को जयपुर में सूर्योदय 06:24 और सूर्यास्त 18:02 पर है। तिथि शुक्ल अष्टमी 12:07 तक, फिर शुक्ल नवमी; नक्षत्र उत्तराषाढ़ा 12 अक्टूबर 05:25 तक, फिर श्रवण; योग सुकर्मा 12 अक्टूबर 02:46 तक, फिर धृति; करण बव 12:07 तक, फिर बालव। चंद्रमा धनु राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 10:46–12:13, अभिजित मुहूर्त 11:50–12:37। मास आश्विन (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2081, शक संवत 1946।
इस दिन के बारे में प्रश्न
जयपुर में 11 अक्टूबर 2024 को कौन सी तिथि है?
शुक्ल अष्टमी 12:07 तक, फिर शुक्ल नवमी (सूर्योदय 06:24, जयपुर)।
11 अक्टूबर 2024 को कौन सा नक्षत्र है?
उत्तराषाढ़ा 12 अक्टूबर 05:25 तक, फिर श्रवण। चंद्रमा धनु राशि में 11:41 तक।
जयपुर में 11 अक्टूबर 2024 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 10:46–12:13, यमगण्ड 15:08–16:35, गुलिक काल 07:52–09:19।
जयपुर में 11 अक्टूबर 2024 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 06:24, सूर्यास्त 18:02, चंद्रोदय 13:56 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
11 अक्टूबर 2024 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:50–12:37, ब्रह्म मुहूर्त 04:46–05:35। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
11 अक्टूबर 2024 को कौन सा व्रत या त्योहार है?
दुर्गा अष्टमी, महा नवमी।
जयपुर हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2024आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2024मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2032° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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