गौरी पंचांगम · जयपुर
गुरुवार, 31 मार्च 202206:1918:43
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:19
- धनम्धन06:19 –07:52
- सुगम्शुभ07:52 –09:25
- सोरम्अशुभ09:25 –10:58
- उथिशुभ10:58 –12:31
- अमिर्दाश्रेष्ठ12:31 –14:04
- विषम्अशुभ14:04 –15:37राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट15:37 –17:10
- लाभम्लाभ17:10 –18:43
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:43
- अमिर्दाश्रेष्ठ18:43 –20:10
- विषम्अशुभ20:10 –21:37
- रोगम्अनिष्ट21:37 –23:04
- लाभम्लाभ23:04 –00:31, 1 अप्रैल
- धनम्धन00:31, 1 अप्रैल –01:58, 1 अप्रैल
- सुगम्शुभ01:58, 1 अप्रैल –03:24, 1 अप्रैल
- सोरम्अशुभ03:24, 1 अप्रैल –04:51, 1 अप्रैल
- उथिशुभ04:51, 1 अप्रैल –06:18, 1 अप्रैल
जयपुर के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
जयपुर में 31 मार्च 2022 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:19, सूर्यास्त 18:43।