गौरी पंचांगम · हरिद्वार
बुधवार, 4 नवंबर 202606:3317:28
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:33
- लाभम्लाभ06:33 –07:55
- धनम्धन07:55 –09:17
- सुगम्शुभ09:17 –10:39
- सोरम्अशुभ10:39 –12:01
- विषम्अशुभ12:01 –13:23राहुकाल
- उथिशुभ13:23 –14:45
- अमिर्दाश्रेष्ठ14:45 –16:06
- रोगम्अनिष्ट16:06 –17:28
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 17:28
- उथिशुभ17:28 –19:07
- अमिर्दाश्रेष्ठ19:07 –20:45
- रोगम्अनिष्ट20:45 –22:23
- लाभम्लाभ22:23 –00:01, 5 नव॰
- धनम्धन00:01, 5 नव॰ –01:39, 5 नव॰
- सुगम्शुभ01:39, 5 नव॰ –03:18, 5 नव॰
- सोरम्अशुभ03:18, 5 नव॰ –04:56, 5 नव॰
- विषम्अशुभ04:56, 5 नव॰ –06:34, 5 नव॰
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
हरिद्वार में 4 नवंबर 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:33, सूर्यास्त 17:28।