गौरी पंचांगम · हरिद्वार
मंगलवार, 4 अगस्त 202605:3819:08
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:38
- रोगम्अनिष्ट05:38 –07:19
- लाभम्लाभ07:19 –09:01
- धनम्धन09:01 –10:42
- सुगम्शुभ10:42 –12:23
- सोरम्अशुभ12:23 –14:05
- उथिशुभ14:05 –15:46
- विषम्अशुभ15:46 –17:27राहुकाल
- अमिर्दाश्रेष्ठ17:27 –19:08
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 19:08
- सोरम्अशुभ19:08 –20:27
- उथिशुभ20:27 –21:46
- विषम्अशुभ21:46 –23:05
- अमिर्दाश्रेष्ठ23:05 –00:24, 5 अग॰
- रोगम्अनिष्ट00:24, 5 अग॰ –01:42, 5 अग॰
- लाभम्लाभ01:42, 5 अग॰ –03:01, 5 अग॰
- धनम्धन03:01, 5 अग॰ –04:20, 5 अग॰
- सुगम्शुभ04:20, 5 अग॰ –05:39, 5 अग॰
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
हरिद्वार में 4 अगस्त 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:38, सूर्यास्त 19:08।