गौरी पंचांगम · हरिद्वार
गुरुवार, 30 अप्रैल 202605:3618:54
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 05:36
- धनम्धन05:36 –07:16
- सुगम्शुभ07:16 –08:55
- सोरम्अशुभ08:55 –10:35
- उथिशुभ10:35 –12:15
- अमिर्दाश्रेष्ठ12:15 –13:55
- विषम्अशुभ13:55 –15:34राहुकाल
- रोगम्अनिष्ट15:34 –17:14
- लाभम्लाभ17:14 –18:54
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:54
- अमिर्दाश्रेष्ठ18:54 –20:14
- विषम्अशुभ20:14 –21:34
- रोगम्अनिष्ट21:34 –22:54
- लाभम्लाभ22:54 –00:14, 1 मई
- धनम्धन00:14, 1 मई –01:34, 1 मई
- सुगम्शुभ01:34, 1 मई –02:55, 1 मई
- सोरम्अशुभ02:55, 1 मई –04:15, 1 मई
- उथिशुभ04:15, 1 मई –05:35, 1 मई
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
हरिद्वार में 30 अप्रैल 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 05:36, सूर्यास्त 18:54।