गौरी पंचांगम · हरिद्वार
बुधवार, 4 मार्च 202606:4018:18
दिन का गौरी पंचांगमसूर्योदय से · 06:40
- लाभम्लाभ06:40 –08:08
- धनम्धन08:08 –09:35
- सुगम्शुभ09:35 –11:02
- सोरम्अशुभ11:02 –12:29
- विषम्अशुभ12:29 –13:57राहुकाल
- उथिशुभ13:57 –15:24
- अमिर्दाश्रेष्ठ15:24 –16:51
- रोगम्अनिष्ट16:51 –18:18
रात का गौरी पंचांगमसूर्यास्त से · 18:18
- उथिशुभ18:18 –19:51
- अमिर्दाश्रेष्ठ19:51 –21:24
- रोगम्अनिष्ट21:24 –22:56
- लाभम्लाभ22:56 –00:29, 5 मार्च
- धनम्धन00:29, 5 मार्च –02:01, 5 मार्च
- सुगम्शुभ02:01, 5 मार्च –03:34, 5 मार्च
- सोरम्अशुभ03:34, 5 मार्च –05:07, 5 मार्च
- विषम्अशुभ05:07, 5 मार्च –06:39, 5 मार्च
हरिद्वार के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
गौरी पंचांगम
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
इस दिन के लिए और
गौरी पंचांगम — प्रश्न और उत्तर
गौरी पंचांगम क्या है?
तमिलनाडु में प्रचलित गौरी पंचांगम दिन और रात को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमिरधा, उथि, लाभम, धनम और सुगम शुभ (नल्ल नेरम) हैं; रोगम, सोरम और विषम वर्जित हैं।
हरिद्वार में 4 मार्च 2026 का गौरी पंचांगम क्या है?
सूर्योदय 06:40, सूर्यास्त 18:18।