चौघड़िया · वडोदरा

रविवार, 4 जुलाई 202705:5819:26

आज के सर्वश्रेष्ठ समय

लाभ09:20 –11:01शुभ14:23 –16:04शुभ19:26 –20:45अमृत20:45 –22:04शुभ04:39, 5 जुल॰ –05:58, 5 जुल॰
दिन का चौघड़ियासूर्योदय से · 05:58
  • उद्वेगअशुभ05:58 –07:39
  • चरसम07:39 –09:20
  • लाभलाभ09:20 –11:01
  • अमृतश्रेष्ठ11:01 –12:42वार वेला
  • कालहानि12:42 –14:23काल वेला
  • शुभशुभ14:23 –16:04
  • रोगअनिष्ट16:04 –17:45
  • उद्वेगअशुभ17:45 –19:26राहुकाल
रात का चौघड़ियासूर्यास्त से · 19:26
  • शुभशुभ19:26 –20:45
  • अमृतश्रेष्ठ20:45 –22:04
  • चरसम22:04 –23:23
  • रोगअनिष्ट23:23 –00:42, 5 जुल॰
  • कालहानि00:42, 5 जुल॰ –02:01, 5 जुल॰
  • लाभलाभ02:01, 5 जुल॰ –03:20, 5 जुल॰काल रात्रि
  • उद्वेगअशुभ03:20, 5 जुल॰ –04:39, 5 जुल॰
  • शुभशुभ04:39, 5 जुल॰ –05:58, 5 जुल॰
अमृत श्रेष्ठशुभ शुभलाभ लाभचर समउद्वेग अशुभरोग अनिष्टकाल हानि

चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।

वडोदरा के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।

चौघड़िया

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर

चौघड़िया क्या है?

चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।

वडोदरा में 4 जुलाई 2027 का चौघड़िया क्या है?

सूर्योदय 05:58 से दिन के चौघड़िया: उद्वेग, चर, लाभ, अमृत, काल, शुभ, रोग, उद्वेग। शुभ: लाभ 09:20–11:01, शुभ 14:23–16:04। राहुकाल 17:45–19:26।

चौघड़िया — अन्य शहर