चौघड़िया · वडोदरा
मंगलवार, 16 फ़रवरी 202707:0818:35
आज के सर्वश्रेष्ठ समय
- रोगअनिष्ट07:08 –08:34
- उद्वेगअशुभ08:34 –10:00वार वेला
- चरसम10:00 –11:26
- लाभलाभ11:26 –12:51
- अमृतश्रेष्ठ12:51 –14:17
- कालहानि14:17 –15:43काल वेला
- शुभशुभ15:43 –17:09राहुकाल
- रोगअनिष्ट17:09 –18:35
- कालहानि18:35 –20:09
- लाभलाभ20:09 –21:43काल रात्रि
- उद्वेगअशुभ21:43 –23:17
- शुभशुभ23:17 –00:51, 17 फ़र॰
- अमृतश्रेष्ठ00:51, 17 फ़र॰ –02:25, 17 फ़र॰
- चरसम02:25, 17 फ़र॰ –03:59, 17 फ़र॰
- रोगअनिष्ट03:59, 17 फ़र॰ –05:34, 17 फ़र॰
- कालहानि05:34, 17 फ़र॰ –07:08, 17 फ़र॰
चौघड़िया स्वयं शुभ हो तब भी शुभ कार्य के लिए वार वेला, काल वेला और काल रात्रि छोड़ी जाती हैं।
वडोदरा के समय (UTC+5:30)। हिंदू दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक चलता है। सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से लिए गए हैं, जैसे दृक् पंचांग में; हर किनारा निकटतम मिनट तक पूर्णांकित।
चौघड़िया
चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।
इस दिन के लिए और
चौघड़िया — प्रश्न और उत्तर
चौघड़िया क्या है?
चौघड़िया दिन (सूर्योदय से सूर्यास्त) और रात (सूर्यास्त से अगले सूर्योदय) को आठ-आठ भागों में बाँटता है। अमृत, शुभ और लाभ शुभ हैं, चर सम है और यात्रा के लिए अच्छा है, तथा उद्वेग, रोग और काल वर्जित हैं। यात्रा, खरीदारी और कार्य आरंभ के लिए गुजरात और राजस्थान में यह रोज़ का मुहूर्त है।
वडोदरा में 16 फ़रवरी 2027 का चौघड़िया क्या है?
सूर्योदय 07:08 से दिन के चौघड़िया: रोग, उद्वेग, चर, लाभ, अमृत, काल, शुभ, रोग। शुभ: लाभ 11:26–12:51, अमृत 12:51–14:17, शुभ 15:43–17:09। राहुकाल 15:43–17:09।