पंचांग · गुरुवार, 17 अक्टूबर 2030विशाखापत्तनम
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण षष्ठी04:56, 18 अक्टू॰ तक
- कृष्ण सप्तमी07:19, 19 अक्टू॰ तक
- मृगशिरास्वामी मंगल17:24 तक
- आर्द्रास्वामी राहु20:24, 18 अक्टू॰ तक
- परिघ06:08, 18 अक्टू॰ तक
- गर15:38 तक
- वणिज04:56, 18 अक्टू॰ तक
- विष्टि18:11, 18 अक्टू॰ तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:51बिंब मध्य 05:54
- सूर्यास्त
- 17:34बिंब मध्य 17:30
- चंद्रोदय
- 21:57
- चंद्रास्त
- 10:32
- दिनमान
- 11h 43m
- वार
- गुरुवार · गुरु
- चंद्र राशि
- मिथुन16:25, 19 अक्टू॰ तक
- सूर्य राशि
- कन्या
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- आश्विन
- पूर्णिमांत मास
- कार्तिक
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- शरद
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:13 –05:02
- प्रातः संध्या04:37 –05:51
- अभिजित मुहूर्त11:19 –12:06
- विजय मुहूर्त13:40 –14:26
- गोधूलि मुहूर्त17:34 –17:59
- सायाह्न संध्या17:34 –18:48
- निशीथ मुहूर्त23:18 –00:07, 18 अक्टू॰
- अमृत काल07:27 –09:15
- राहु काल13:10 –14:38
- यमगंड05:51 –07:19
- गुलिक काल08:47 –10:14
- दुर्मुहूर्त09:45 –10:32
- दुर्मुहूर्त14:26 –15:13
- वर्ज्य02:51 –04:39, 18 अक्टू॰
- भद्रा04:56 –05:51, 18 अक्टू॰
चौघड़िया
- शुभशुभ05:51 – 07:19
- रोगअनिष्ट07:19 – 08:47
- उद्वेगअशुभ08:47 – 10:14
- चरसम10:14 – 11:42
- लाभलाभ11:42 – 13:10
- अमृतश्रेष्ठ13:10 – 14:38
- कालहानि14:38 – 16:06
- शुभशुभ16:06 – 17:34
- अमृतश्रेष्ठ17:34 – 19:06
- चरसम19:06 – 20:38
- रोगअनिष्ट20:38 – 22:10
- कालहानि22:10 – 23:43
- लाभलाभ23:43 – 01:15
- उद्वेगअशुभ01:15 – 02:47
- शुभशुभ02:47 – 04:19
- अमृतश्रेष्ठ04:19 – 05:51
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| गुरु | 05:51–06:49 |
| मंगल | 06:49–07:48 |
| सूर्य | 07:48–08:47 |
| शुक्र | 08:47–09:45 |
| बुध | 09:45–10:44 |
| चन्द्र | 10:44–11:42 |
| शनि | 11:42–12:41 |
| गुरु | 12:41–13:40 |
| मंगल | 13:40–14:38 |
| सूर्य | 14:38–15:37 |
| शुक्र | 15:37–16:35 |
| बुध | 16:35–17:34 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| चन्द्र | 17:34–18:35 |
| शनि | 18:35–19:37 |
| गुरु | 19:37–20:38 |
| मंगल | 20:38–21:40 |
| सूर्य | 21:40–22:41 |
| शुक्र | 22:41–23:43 |
| बुध | 23:43–00:44 |
| चन्द्र | 00:44–01:45 |
| शनि | 01:45–02:47 |
| गुरु | 02:47–03:48 |
| मंगल | 03:48–04:50 |
| सूर्य | 04:50–05:51 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- मृगशिरा 3 पद10:37 तक
- मृगशिरा 4 पद17:24 तक
- आर्द्रा 1 पद00:11, 18 अक्टू॰ तक
- आर्द्रा 2 पद06:56, 18 अक्टू॰ तक
- सूर्य नक्षत्र
- चित्रा 2 पद
- ऋतु (दृक्)
- शरद
- ऋतु (वैदिक)
- शरद
- अयन (दृक्)
- दक्षिणायन
- अयन (वैदिक)
- दक्षिणायन
- दिनमान
- 11h 43m
- रात्रिमान
- 12h 17m
- मध्याह्न
- 11:42
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- दक्षिण
- चंद्र वास
- पश्चिम
- अग्निवास
- पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 04:56, 18 अक्टू॰ तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- भोजन में · 04:56, 18 अक्टू॰ तकश्मशान में
- होमाहुति
- गुरु
पंचक रहित मुहूर्त
- मृत्यु पंचक05:51 –05:56
- अग्नि पंचक05:56 –08:07
- शुभ मुहूर्त08:07 –10:20
- राज पंचक10:20 –12:27
- शुभ मुहूर्त12:27 –14:17
- चोर पंचक14:17 –15:55
- शुभ मुहूर्त15:55 –17:24
- रोग पंचक17:24 –17:30
- चोर पंचक17:30 –19:15
- शुभ मुहूर्त19:15 –21:15
- रोग पंचक21:15 –23:28
- शुभ मुहूर्त23:28 –01:40, 18 अक्टू॰
- मृत्यु पंचक01:40 –03:47, 18 अक्टू॰
- अग्नि पंचक03:47 –04:56, 18 अक्टू॰
- शुभ मुहूर्त04:56 –05:51, 18 अक्टू॰
उदय लग्न
- कन्या03:51 –05:56
- तुला05:56 –08:07
- वृश्चिक08:07 –10:20
- धनु10:20 –12:27
- मकर12:27 –14:17
- कुम्भ14:17 –15:55
- मीन15:55 –17:30
- मेष17:30 –19:15
- वृषभ19:15 –21:15
- मिथुन21:15 –23:28
- कर्क23:28 –01:40, 18 अक्टू॰
- सिंह01:40 –03:47, 18 अक्टू॰
- कन्या03:47 –05:53, 18 अक्टू॰
पंचांग · विशाखापत्तनम, 17 अक्टूबर 2030
गुरुवार, 17 अक्टूबर 2030 को विशाखापत्तनम में सूर्योदय 05:51 और सूर्यास्त 17:34 पर है। तिथि कृष्ण षष्ठी 18 अक्टूबर 04:56 तक, फिर कृष्ण सप्तमी; नक्षत्र मृगशिरा 17:24 तक, फिर आर्द्रा; योग परिघ 18 अक्टूबर 06:08 तक; करण गर 15:38 तक, फिर वणिज। चंद्रमा मिथुन राशि में, सूर्य कन्या राशि में। राहुकाल 13:10–14:38, अभिजित मुहूर्त 11:19–12:06। मास कार्तिक (पूर्णिमांत) / आश्विन (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
विशाखापत्तनम में 17 अक्टूबर 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण षष्ठी 18 अक्टूबर 04:56 तक, फिर कृष्ण सप्तमी (सूर्योदय 05:51, विशाखापत्तनम)।
17 अक्टूबर 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
मृगशिरा 17:24 तक, फिर आर्द्रा। चंद्रमा मिथुन राशि में 19 अक्टूबर 16:25 तक।
विशाखापत्तनम में 17 अक्टूबर 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 13:10–14:38, यमगण्ड 05:51–07:19, गुलिक काल 08:47–10:14।
विशाखापत्तनम में 17 अक्टूबर 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:51, सूर्यास्त 17:34, चंद्रोदय 21:57 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
17 अक्टूबर 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:19–12:06, ब्रह्म मुहूर्त 04:13–05:02। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
विशाखापत्तनम हिन्दू कैलेंडर अक्टूबर 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2872° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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