पंचांग · बुधवार, 1 मई 2030विशाखापत्तनम
किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।
दिन एक नज़र में
आगामी व्रत और त्योहार
लग्न कुंडली · अभी
पाँच अंग
- कृष्ण चतुर्दशी17:23 तक
- अमावस्या19:42, 2 मई तक
- रेवतीस्वामी बुध07:37 तक
- अश्विनीस्वामी केतु10:23, 2 मई तक
- प्रीति02:29, 2 मई तक
- आयुष्मान्03:22, 3 मई तक
- शकुनि17:23 तक
- चतुष्पाद06:31, 2 मई तक
सूर्य · चंद्र
- सूर्योदय
- 05:31बिंब मध्य 05:34
- सूर्यास्त
- 18:18बिंब मध्य 18:14
- चंद्रोदय
- 04:22
- चंद्रास्त
- 17:21
- दिनमान
- 12h 47m
- वार
- बुधवार · बुध
- चंद्र राशि
- मीन07:37 तक
- सूर्य राशि
- मेष
चांद्र पंचांग
- अमांत मास
- चैत्र
- पूर्णिमांत मास
- वैशाख
- पक्ष
- कृष्ण
- ऋतु
- वसंत
- विक्रम संवत
- 2087
- शक संवत
- 1952
शुभ और अशुभ समय
- ब्रह्म मुहूर्त04:01 –04:46
- प्रातः संध्या04:24 –05:31
- अभिजित मुहूर्त11:29 –12:20
- विजय मुहूर्त14:02 –14:53
- गोधूलि मुहूर्त18:18 –18:40
- सायाह्न संध्या18:18 –19:25
- निशीथ मुहूर्त23:32 –00:17, 2 मई
- अमृत काल04:58 –06:44
- अमृत काल02:21 –04:08, 2 मई
- राहु काल11:54 –13:30
- यमगंड07:07 –08:43
- गुलिक काल10:19 –11:54
- दुर्मुहूर्त11:29 –12:20
- गंड मूल05:31 –07:37
- गंड मूल07:37 –05:30, 2 मई
चौघड़िया
- लाभलाभ05:31 – 07:07
- अमृतश्रेष्ठ07:07 – 08:43
- कालहानि08:43 – 10:19
- शुभशुभ10:19 – 11:54
- रोगअनिष्ट11:54 – 13:30
- उद्वेगअशुभ13:30 – 15:06
- चरसम15:06 – 16:42
- लाभलाभ16:42 – 18:18
- उद्वेगअशुभ18:18 – 19:42
- शुभशुभ19:42 – 21:06
- अमृतश्रेष्ठ21:06 – 22:30
- चरसम22:30 – 23:54
- रोगअनिष्ट23:54 – 01:18
- कालहानि01:18 – 02:42
- लाभलाभ02:42 – 04:06
- उद्वेगअशुभ04:06 – 05:30
होरा
| ग्रह | समय |
|---|---|
| बुध | 05:31–06:35 |
| चन्द्र | 06:35–07:39 |
| शनि | 07:39–08:43 |
| गुरु | 08:43–09:47 |
| मंगल | 09:47–10:50 |
| सूर्य | 10:50–11:54 |
| शुक्र | 11:54–12:58 |
| बुध | 12:58–14:02 |
| चन्द्र | 14:02–15:06 |
| शनि | 15:06–16:10 |
| गुरु | 16:10–17:14 |
| मंगल | 17:14–18:18 |
| ग्रह | समय |
|---|---|
| सूर्य | 18:18–19:14 |
| शुक्र | 19:14–20:10 |
| बुध | 20:10–21:06 |
| चन्द्र | 21:06–22:02 |
| शनि | 22:02–22:58 |
| गुरु | 22:58–23:54 |
| मंगल | 23:54–00:50 |
| सूर्य | 00:50–01:46 |
| शुक्र | 01:46–02:42 |
| बुध | 02:42–03:38 |
| चन्द्र | 03:38–04:34 |
| शनि | 04:34–05:30 |
नक्षत्र पद, ऋतु और अयन
- रेवती 4 पद07:37 तक
- अश्विनी 1 पद14:17 तक
- अश्विनी 2 पद20:58 तक
- अश्विनी 3 पद03:40, 2 मई तक
- अश्विनी 4 पद10:23, 2 मई तक
- सूर्य नक्षत्र
- भरणी 1 पद
- ऋतु (दृक्)
- ग्रीष्म
- ऋतु (वैदिक)
- वसंत
- अयन (दृक्)
- उत्तरायण
- अयन (वैदिक)
- उत्तरायण
- दिनमान
- 12h 47m
- रात्रिमान
- 11h 12m
- मध्याह्न
- 11:54
चंद्रबल और ताराबल
निवास और शूल
- दिशा शूल
- उत्तरइस दिशा में यात्रा से बचें
- राहु वास
- नैऋत्य (दक्षिण-पश्चिम)
- चंद्र वास
- उत्तर · 07:37 तकपूर्व
- अग्निवास
- पाताल · 17:23 तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
- शिववास
- श्मशान में · 17:23 तकगौरी के साथ
- होमाहुति
- केतु
पंचक रहित मुहूर्त
- शुभ मुहूर्त05:31 –06:23
- रोग पंचक06:23 –07:37
- शुभ मुहूर्त07:37 –08:24
- मृत्यु पंचक08:24 –10:36
- अग्नि पंचक10:36 –12:48
- शुभ मुहूर्त12:48 –14:55
- राज पंचक14:55 –17:01
- शुभ मुहूर्त17:01 –17:23
- चोर पंचक17:23 –19:11
- शुभ मुहूर्त19:11 –21:25
- रोग पंचक21:25 –23:31
- शुभ मुहूर्त23:31 –01:21, 2 मई
- मृत्यु पंचक01:21 –02:59, 2 मई
- अग्नि पंचक02:59 –04:35, 2 मई
- शुभ मुहूर्त04:35 –05:30, 2 मई
उदय लग्न
- मेष04:39 –06:23
- वृषभ06:23 –08:24
- मिथुन08:24 –10:36
- कर्क10:36 –12:48
- सिंह12:48 –14:55
- कन्या14:55 –17:01
- तुला17:01 –19:11
- वृश्चिक19:11 –21:25
- धनु21:25 –23:31
- मकर23:31 –01:21, 2 मई
- कुम्भ01:21 –02:59, 2 मई
- मीन02:59 –04:35, 2 मई
- मेष04:35 –06:19, 2 मई
पंचांग · विशाखापत्तनम, 1 मई 2030
बुधवार, 1 मई 2030 को विशाखापत्तनम में सूर्योदय 05:31 और सूर्यास्त 18:18 पर है। तिथि कृष्ण चतुर्दशी 17:23 तक, फिर अमावस्या; नक्षत्र रेवती 07:37 तक, फिर अश्विनी; योग प्रीति 2 मई 02:29 तक, फिर आयुष्मान्; करण शकुनि 17:23 तक, फिर चतुष्पाद। चंद्रमा मीन राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 11:54–13:30, अभिजित मुहूर्त 11:29–12:20। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2087, शक संवत 1952।
इस दिन के बारे में प्रश्न
विशाखापत्तनम में 1 मई 2030 को कौन सी तिथि है?
कृष्ण चतुर्दशी 17:23 तक, फिर अमावस्या (सूर्योदय 05:31, विशाखापत्तनम)।
1 मई 2030 को कौन सा नक्षत्र है?
रेवती 07:37 तक, फिर अश्विनी। चंद्रमा मीन राशि में 07:37 तक।
विशाखापत्तनम में 1 मई 2030 को राहुकाल कब है?
राहुकाल 11:54–13:30, यमगण्ड 07:07–08:43, गुलिक काल 10:19–11:54।
विशाखापत्तनम में 1 मई 2030 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?
सूर्योदय 05:31, सूर्यास्त 18:18, चंद्रोदय 04:22 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।
1 मई 2030 को शुभ मुहूर्त क्या है?
अभिजित मुहूर्त 11:29–12:20, ब्रह्म मुहूर्त 04:01–04:46। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।
विशाखापत्तनम हिन्दू कैलेंडर मई 2030आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2030मुफ़्त जन्म कुंडली
गणना कैसे होती है
- सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
- लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2808° पर निरयण स्थितियाँ।
- हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।
अन्य शहरों का पंचांग
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