पंचांग · गुरुवार, 22 अप्रैल 2027विजयवाड़ा

चैत्र · कृष्ण द्वितीया · विक्रम संवत 2084

किसी भी शहर और तिथि के लिए तिथि, नक्षत्र, योग, करण, सूर्योदय, राहु काल, चौघड़िया और होरा।

स्थानीय समय
--:--:--
05:48सूर्योदय18:24सूर्यास्त
तिथि
कृष्ण द्वितीया
कृष्ण · 03:37, 23 अप्रैल तक
नक्षत्र
विशाखा
05:32, 23 अप्रैल तक
सूर्योदय · सूर्यास्त
05:4818:24
गुरुवार · गुरु
राहु काल
13:41 –15:15
वर्जित

दिन एक नज़र में

चौघड़ियाशुभवर्जित
05:48दिन18:24
शुभ
रोग
उद्वेग
चर
लाभ
अमृत
काल
शुभ
अभिजित मुहूर्त
विजय मुहूर्त
यमगंड
गुलिक काल
राहु काल
दुर्मुहूर्त
दुर्मुहूर्त
वर्ज्य
08:0010:0012:0014:0016:00
चौघड़ियाशुभवर्जित
18:24रात05:47
अमृत
चर
रोग
काल
लाभ
उद्वेग
शुभ
अमृत
गोधूलि मुहूर्त
अमृत काल
निशीथ मुहूर्त
सायाह्न संध्या
19:0021:0023:0001:0003:0005:00
अमृत · श्रेष्ठशुभ · शुभलाभ · लाभचर · समउद्वेग · अशुभरोग · अनिष्टकाल · हानि

आगामी व्रत और त्योहार

मासिक कैलेंडर
सभी आगामी व्रत और त्योहार

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पाँच अंग

तिथि
  1. कृष्ण द्वितीया
    03:37, 23 अप्रैल तक
  2. कृष्ण तृतीया
    04:21, 24 अप्रैल तक
नक्षत्र
  1. विशाखास्वामी गुरु
    05:32, 23 अप्रैल तक
  2. अनुराधास्वामी शनि
    06:56, 24 अप्रैल तक
योग
  1. सिद्धि
    14:57 तक
  2. व्यतीपात
    14:12, 23 अप्रैल तक
करण
  1. तैतिल
    15:29 तक
  2. गर
    03:37, 23 अप्रैल तक
  3. वणिज
    15:54, 23 अप्रैल तक

सूर्य · चंद्र

सूर्योदय
05:48
बिंब मध्य 05:51
सूर्यास्त
18:24
बिंब मध्य 18:20
चंद्रोदय
19:49
चंद्रास्त
06:25
दिनमान
12h 36m
वार
गुरुवार · गुरु
चंद्र राशि
तुला
23:16 तक
सूर्य राशि
मेष

चांद्र पंचांग

अमांत मास
चैत्र
पूर्णिमांत मास
वैशाख
पक्ष
कृष्ण
ऋतु
वसंत
विक्रम संवत
2084
शक संवत
1949

शुभ और अशुभ समय

शुभ समय
  • ब्रह्म मुहूर्त04:17 –05:02
  • प्रातः संध्या04:40 –05:48
  • अभिजित मुहूर्त11:41 –12:31
  • विजय मुहूर्त14:12 –15:03
  • गोधूलि मुहूर्त18:24 –18:47
  • सायाह्न संध्या18:24 –19:33
  • निशीथ मुहूर्त23:43 –00:29, 23 अप्रैल
  • अमृत काल20:26 –22:05
इन समयों से बचें
  • राहु काल13:41 –15:15
  • यमगंड05:48 –07:23
  • गुलिक काल08:57 –10:32
  • दुर्मुहूर्त10:00 –10:50
  • दुर्मुहूर्त15:03 –15:53
  • वर्ज्य10:31 –12:10

चौघड़िया

शुभसमवर्जित
दिन
  • शुभशुभ05:48 – 07:23
  • रोगअनिष्ट07:23 – 08:57
  • उद्वेगअशुभ08:57 – 10:32
  • चरसम10:32 – 12:06
  • लाभलाभ12:06 – 13:41
  • अमृतश्रेष्ठ13:41 – 15:15
  • कालहानि15:15 – 16:50
  • शुभशुभ16:50 – 18:24
रात
  • अमृतश्रेष्ठ18:24 – 19:50
  • चरसम19:50 – 21:15
  • रोगअनिष्ट21:15 – 22:40
  • कालहानि22:40 – 00:06
  • लाभलाभ00:06 – 01:31
  • उद्वेगअशुभ01:31 – 02:57
  • शुभशुभ02:57 – 04:22
  • अमृतश्रेष्ठ04:22 – 05:47

होरा

दिन
ग्रहसमय
गुरु05:48–06:51
मंगल06:51–07:54
सूर्य07:54–08:57
शुक्र08:57–10:00
बुध10:00–11:03
चन्द्र11:03–12:06
शनि12:06–13:09
गुरु13:09–14:12
मंगल14:12–15:15
सूर्य15:15–16:18
शुक्र16:18–17:21
बुध17:21–18:24
रात
ग्रहसमय
चन्द्र18:24–19:21
शनि19:21–20:18
गुरु20:18–21:15
मंगल21:15–22:12
सूर्य22:12–23:09
शुक्र23:09–00:06
बुध00:06–01:03
चन्द्र01:03–02:00
शनि02:00–02:57
गुरु02:57–03:54
मंगल03:54–04:50
सूर्य04:50–05:47

नक्षत्र पद, ऋतु और अयन

चंद्र नक्षत्र के पद
  • विशाखा 1 पद10:52 तक
  • विशाखा 2 पद17:03 तक
  • विशाखा 3 पद23:16 तक
  • विशाखा 4 पद05:32, 23 अप्रैल तक
  • अनुराधा 1 पद11:50, 23 अप्रैल तक
सूर्य नक्षत्र
अश्विनी 3 पद
ऋतु (दृक्)
ग्रीष्म
ऋतु (वैदिक)
वसंत
अयन (दृक्)
उत्तरायण
अयन (वैदिक)
उत्तरायण
दिनमान
12h 36m
रात्रिमान
11h 23m
मध्याह्न
12:06

चंद्रबल और ताराबल

इन राशियों के लिए शुभ चंद्रबल
तुला · 23:16 तक
मेषवृषभसिंहतुलाधनुमकर
मीन राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
वृश्चिक · अगले सूर्योदय तक
वृषभमिथुनकन्यावृश्चिकमकरकुम्भ
मेष राशि के लिए अष्टम चंद्र (वर्जित)
इन नक्षत्रों के लिए शुभ ताराबल
विशाखा · 05:32, 23 अप्रैल तक
भरणीरोहिणीआर्द्रापुष्यअश्लेषापूर्व फाल्गुनीहस्तस्वातीअनुराधाज्येष्ठापूर्वाषाढ़ाश्रवणशतभिषाउत्तरभाद्रपदरेवती
अनुराधा · अगले सूर्योदय तक
अश्विनीकृत्तिकामृगशिरापुनर्वसुअश्लेषामघाउत्तर फाल्गुनीचित्राविशाखाज्येष्ठामूलउत्तराषाढ़ाधनिष्ठापूर्वभाद्रपदरेवती

निवास और शूल

दिशा शूल
दक्षिणइस दिशा में यात्रा से बचें
राहु वास
दक्षिण
चंद्र वास
पश्चिम · 23:16 तकउत्तर
अग्निवास
पृथ्वी — हवन के लिए शुभ · 03:37, 23 अप्रैल तकपृथ्वी — हवन के लिए शुभ
शिववास
सभा में · 03:37, 23 अप्रैल तकक्रीड़ा में
होमाहुति
मंगल

पंचक रहित मुहूर्त

  • शुभ मुहूर्त05:48 –07:12
  • राज पंचक07:12 –09:13
  • शुभ मुहूर्त09:13 –11:25
  • चोर पंचक11:25 –13:36
  • शुभ मुहूर्त13:36 –15:42
  • रोग पंचक15:42 –17:47
  • शुभ मुहूर्त17:47 –19:56
  • मृत्यु पंचक19:56 –22:09
  • अग्नि पंचक22:09 –00:16, 23 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त00:16 –02:07, 23 अप्रैल
  • राज पंचक02:07 –03:37, 23 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त03:37 –03:45, 23 अप्रैल
  • चोर पंचक03:45 –05:22, 23 अप्रैल
  • राज पंचक05:22 –05:32, 23 अप्रैल
  • शुभ मुहूर्त05:32 –05:47, 23 अप्रैल

उदय लग्न

  • मेष05:26 –07:12
  • वृषभ07:12 –09:13
  • मिथुन09:13 –11:25
  • कर्क11:25 –13:36
  • सिंह13:36 –15:42
  • कन्या15:42 –17:47
  • तुला17:47 –19:56
  • वृश्चिक19:56 –22:09
  • धनु22:09 –00:16, 23 अप्रैल
  • मकर00:16 –02:07, 23 अप्रैल
  • कुम्भ02:07 –03:45, 23 अप्रैल
  • मीन03:45 –05:22, 23 अप्रैल
  • मेष05:22 –07:08, 23 अप्रैल

पंचांग · विजयवाड़ा, 22 अप्रैल 2027

गुरुवार, 22 अप्रैल 2027 को विजयवाड़ा में सूर्योदय 05:48 और सूर्यास्त 18:24 पर है। तिथि कृष्ण द्वितीया 23 अप्रैल 03:37 तक, फिर कृष्ण तृतीया; नक्षत्र विशाखा 23 अप्रैल 05:32 तक, फिर अनुराधा; योग सिद्धि 14:57 तक, फिर व्यतीपात; करण तैतिल 15:29 तक, फिर गर। चंद्रमा तुला राशि में, सूर्य मेष राशि में। राहुकाल 13:41–15:15, अभिजित मुहूर्त 11:41–12:31। मास वैशाख (पूर्णिमांत) / चैत्र (अमांत), विक्रम संवत 2084, शक संवत 1949।

इस दिन के बारे में प्रश्न

विजयवाड़ा में 22 अप्रैल 2027 को कौन सी तिथि है?

कृष्ण द्वितीया 23 अप्रैल 03:37 तक, फिर कृष्ण तृतीया (सूर्योदय 05:48, विजयवाड़ा)।

22 अप्रैल 2027 को कौन सा नक्षत्र है?

विशाखा 23 अप्रैल 05:32 तक, फिर अनुराधा। चंद्रमा तुला राशि में 23:16 तक।

विजयवाड़ा में 22 अप्रैल 2027 को राहुकाल कब है?

राहुकाल 13:41–15:15, यमगण्ड 05:48–07:23, गुलिक काल 08:57–10:32।

विजयवाड़ा में 22 अप्रैल 2027 को सूर्योदय और सूर्यास्त कब है?

सूर्योदय 05:48, सूर्यास्त 18:24, चंद्रोदय 19:49 (सूर्य बिम्ब का ऊपरी किनारा, अपवर्तन सहित — द्रिक पंचांग की रीति)।

22 अप्रैल 2027 को शुभ मुहूर्त क्या है?

अभिजित मुहूर्त 11:41–12:31, ब्रह्म मुहूर्त 04:17–05:02। दिन और रात के अमृत, शुभ, लाभ और चर चौघड़िया ऊपर की तालिका में हैं।

विजयवाड़ा हिन्दू कैलेंडर अप्रैल 2027आगामी व्रत और त्योहारएकादशी 2027मुफ़्त जन्म कुंडली

गणना कैसे होती है
  • सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और अपवर्तन से, जैसे दृक् पंचांग, पंचांग-पत्रा और समाचार पत्र छापते हैं; सूर्योदय की तिथि और सभी मुहूर्त इसी से गिने जाते हैं। पारंपरिक बिंब-मध्य समय (अपवर्तन रहित) साथ में दिखाया गया है, कुछ मिनट बाद।
  • लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश 24.2385° पर निरयण स्थितियाँ।
  • हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है और वार सूर्योदय का होता है। समाप्ति समय Swiss Ephemeris से मिनट तक गिने गए हैं।

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